गोरखपुर। निर्धारित से अधिक मात्रा में यूरिया व डीएपी बेचने पर छह साधन सहकारी समितियों व दो निजी दुकानों पर उर्वरक बेचने पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। सभी से एक सप्ताह के अंदर स्पष्टीकरण देने को कहा गया है। स्पष्टीकरण नहीं देने पर उर्वरक अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी।
यह जानकारी जिला कृषि अधिकारी देवेंद्र प्रताप सिंह ने दी। उन्होंने बताया कि आईएफएमएस पोर्टल पर उर्वरक बिकी सूची का अवलोकन करने पर पाया गया कि 20 व 21 को (साधन सहकारी समिति लि.) तथा निजी उर्वरक विक्रेताओं की ओर से यूरिया व डीएपी एक ही कृषक को अधिक मात्रा में दी है। इससे से यह स्पष्ट होता है कृषक के जोत के आधार पर उर्वरक नहीं दिया जा रहा है। यह शासन के प्राविधानों के प्रतिकूल है। इसके नाते छह सहकारी व दो निजी उर्वरक प्रतिष्ठानों कार्रवाई करते हुए उर्वरक व्यवसाय पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। इसके साथ ही उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। एक सप्ताह में स्पष्टीकरण नहीं देने पर विधिक कार्रवाई की जाएगी।