- वर्ष 2017 में मुंबई से 26.91 लाख का हीरा लेकर भागे आरोपी ने रेती चौक पर बनाया था ठिकाना
- मुंबई पुलिस की सूचना पर तीन माह से तलाश रही थी गोरखपुर पुलिस
अमर उजाला ब्यूरो
गोरखपुर। मुंबई से हीरा लेकर फरार वांछित आरोपी सात साल बाद राजघाट थाना क्षेत्र से पकड़ा गया। राजघाट पुलिस, साइबर थाना और सर्विलांस टीम की मदद से मुंबई की क्राइम ब्रांच पुलिस ने गीता प्रेस स्थित एक दुकान से आरोपी भोला प्रसाद (60) को गिरफ्तार किया और विमान से शुक्रवार को मुंबई लेकर चली गई।
पुलिस ने बताया कि वर्ष 2017 में हीरा व्यापारी को धोखा देने के आरोप में मुंबई के बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स थाने में भोला प्रसाद पर धोखाड़ी समेत विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया गया। भोला प्रसाद बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स क्षेत्र के एक हीरा व्यापारी से 26.91 लाख रुपये के हीरे लेकर फरार हो गया था।
वर्ष 2003 से मुंबई में रह रहा था आरोपी
पुलिस ने बताया कि आरोपी भोला प्रसाद वर्ष 2003 से मुंबई में रह रहा है। यहां वह एक किराये की दुकान लेकर उसमें हीरे का छोटा-मोटा व्यापार करता था। इसलिए हीरा व्यापारियों को उस पर विश्वास था और उसे 26.91 लाख के हीरे उधार में मिल गए। इसके बाद भोला प्रसाद की नियत खराब हुई और वह फरार होकर गोरखपुर आकर बस गया।
घंटाघर में बनाया था ठिकाना
पुलिस ने बताया कि मुंबई से भागने के बाद भोला प्रसाद राजघाट के घंटाघर इलाके में किराये के घर में रह रहा था। यहां उसके साथ पत्नी और एक बेटा मनीष रहता है। कोरोना काल में इसके एक बेटे की मौत हो गई थी। रेतीचौक पर स्थित महालक्ष्मी टेक्सटाइल्स ट्रेडर्स दुकान पर वह गोरखपुर आने के बाद से ही काम कर रहा था। जबकि उसका बेटा मनीष भी एक दुकान पर हेल्पर का काम करता है। पुलिस ने भोला प्रसाद को शुक्रवार को दुकान से गिरफ्तार किया।
पुलिस ने लगा दी थी एफआर
बीकेसी पुलिस ने इस केस में कई साल पहले ही फाइनल रिपोर्ट (एफआर) लगा दी थी। वादी द्वारा कोर्ट से दोबारा जांच का आदेश कराया गया। इसके बाद पुलिस ने जांच शुरू की तो भोला प्रसाद की लोकेशन गोरखपुर में मिली। इसके बाद मुंबई पुलिस ने गोरखपुर पुलिस से मदद मांगी।