- एसएसपी की ओर से पार्ट-पीआई विवेचनाओं की समीक्षा कर दिए सख्त निर्देश
- विवेचना की फाइल दबने के कारण खुलेआम घूम रहे थे वांछित
अमर उजाला ब्यूरो
गोरखपुर। वर्षों से थानों में धूल फांक रही पार्ट विवेचना की फाइलें एसएसपी की सख्ती के बाद एक बार फिर खुल गई हैं। इसमें से अधिकतर केस में नामजद एक या दो आरोपियों को पकड़कर विवेचक ने फाइलें ठंडे बस्ते में डाल दी थी। अब जब पुरानी विवेचना एक बार फिर शुरू हुई और वांछित अभियुक्तों के घर पुलिस एक या दो साल बाद दबिश देने पहुंची तो वह घर पर आराम से सोते पाए गए। अचानक पुलिस को देखकर वांछित अभियुक्तों के भी होश उड़ जा रहे हैं।
लोकसभा चुनाव को देखते हुए पुलिस वांछितों और अराजक तत्वों के धड़-पकड़ में लग गई है। इसी बीच एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर ने 80 लंबित विवेचनाओं की समीक्षा की। जिसमें लापरवाही बरतने वाले विवेचकों के खिलाफ जांच भी शुरू की गई है। साथ ही वांछितों को पकड़ने के लिए संबंधित थानेदार को निर्देश दिया। फरार चल रहे हैं वांछितों की गिरफ्तारी के लिए एसएसपी ने इनाम भी घोषित किया है।
केस-1
सरकारी धन गबन करने वाली घर पर मिलीं
बांसगांव थाना क्षेत्र के किशुनपुर उर्फ बगही की रहने वाली मीरा देवी पत्नी बेचई प्रजापति को पुलिस ने आठ अप्रैल को घर से गिरफ्तार किया। बताया जा रहा है कि मीरा देवी ने शासकीय धनराशि से निर्माण कार्य कराया था। जांच में अनियमितता पाए जाने पर बांसगांव थाने में वर्ष 2023 में केस दर्ज किया गया। इस की विवेचना ठंडे बस्ते में चली गई थी। एक साल बाद पुलिस गई तो वह घर पर आराम कर रही थीं। इसी केस में एक सरकारी कर्मचारी भी वांछित था, उसे भी पुलिस ने घर जाकर गिरफ्तार किया।
केस -2
धोखाधड़ी करने वाली महिला गिरफ्तार
गोरखनाथ थाना क्षेत्र के अहमदनगर चक्सा हुसैन की रहने वाली धोखाधड़ी समेत विभिन्न केस में वांछित शरीकुन निशा पत्नी स्वर्गीय समीउल्लाह को पुलिस ने आठ अप्रैल को गिरफ्तार किया। वर्ष 2023 में विभिन्न धाराओं में शरीकुन पर केस दर्ज हुआ था। अब जाकर घर से उनकी गिरफ्तारी हुई है।