गोरखपुर विश्वविद्यालय में हुई फीस वृद्धि को वापस करने और छात्रों का निष्कासन वापस करने की मांग
गोरखपुर। गोरखपुर विश्वविद्यालय में शुल्क वृद्धि और छात्रों के निष्कासन के विरोध में एबीवीपी कार्यकर्ताओं का धरना प्रदर्शन मंगलवार को और तेज हो गया। अपनी ताकत दिखाते हुए विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर बड़ी संख्या में पहुंच कर एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। मांगों पर जल्द सकारात्मक विचार नहीं किए जाने पर आंदोलन और तेज करने की चेतावनी दी। सिटी मजिस्ट्रेट को अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपने के बाद शहर में जुलूस निकाल कर आमजन से समर्थन की अपील की।
एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने ज्ञापन के माध्यम से बताया कि विश्वविद्यालय में पीएचडी के शुल्क में चार गुना व स्नातक और परास्नातक के कई कोर्स में सेमेस्टर शुल्क में दोगुना से भी अधिक की वृद्धि हुई है। विश्वविद्यालय में सेमेस्टर की परीक्षाएं तो संपन्न करा ली जा रही हैं लेकिन पिछले सेमेस्टर के परीक्षा परिणाम अभी तक जारी नहीं हो पाए हैं, जिसके कारण विद्यार्थियों के मन में असमंजस की स्थिति उत्पन्न हो रही है। सेमेस्टर में पंजीकरण की तिथि समाप्त हो गई है, शुल्क वृद्धि के कारण तमाम विद्यार्थियों ने अपना पंजीकरण नहीं कराया है, ऐसे में पंजीकरण की तिथि को आगे बढ़ाया जाए। इसके अलावा छात्रहित से जुड़ी अन्य समस्याओं का निवारण किया जाए।
एबीवीपी गोरक्ष प्रांत के प्रदेश मंत्री सौरभ कुमार गौंड ने कहा कि गोरखपुर विश्वविद्यालय में छात्रों से जुड़ी समस्याएं दिन-प्रतिदिन बढ़ती चली जा रही हैं, लेकिन उनके खिलाफ आवाज उठाने वाली छात्रशक्ति को गंभीर धाराओं में केस दर्ज कर विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से उन्हें अपराधी बनाया जा रहा है। गोरखपुर विश्वविद्यालय इकाई अध्यक्ष पीयूष मिश्रा ने कहा कि विश्वविद्यालय कुलपति को अपने आवास से निकलकर छात्रों के मध्य उनकी समस्याओं का निराकरण करने के लिए आगे आना चाहिए।
बारिश में भी डटे रहे
गोरखपुर विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर एबीवीपी कार्यकर्ताओं के धरना-प्रदर्शन के दौरान अचानक बारिश शुरू हो गई। मूसलाधार बारिश में भी एबीवीपी कार्यकर्ता डटे रहे।
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एबीवीपी के कार्यकर्ता जेल से रिहा, हुआ स्वागत
गोरखपुर। कुलपति कार्यालय पर उग्र प्रदर्शन करने वाले आठ कार्यकर्ताओं को पुलिस ने गिरफ्तार कर 22 जुलाई को जेल भेज दिया था। 11 दिन बाद वे मंगलवार की शाम जेल से रिहा हुए। इस दौरान बड़ी संख्या में एबीवीपी के कार्यकर्ता उनका स्वागत करने पहुंचे थे। उनके जेल से बाहर आते ही कार्यकर्ताओं ने फूल मालाओं से स्वागत किया।