नेपाल के विभिन्न जिलों में मानव तस्करों का एक गिरोह सक्रिय है। 16 वर्ष से लेकर 40 वर्ष की महिलाओं को नौकरी का झांसा देकर भारत समेत कई खाड़ी देशों में भेजा जाता है।
अगस्त 2020 से 8 फरवरी तक बेलहिया पुलिस ने 94 महिलाओं को मानव तस्करों के चंगुल से बचाया है। बीते सोमवार को भी मुस्तांग जिले की रहने वाली 25 वर्षीय एक महिला को बेलहिया पुलिस ने भारतीय सीमा में प्रवेश करने से रोका था।
पुलिस कार्रवाई के बाद उसे माइती संस्था के हवाले कर दिया। एक अन्य मामले में मानव तस्करी का 10 अगस्त को शिकार हुई युवती को छहरा गांव पालिका 6 जिला पाल्पा को राजधानी दिल्ली से एक समाज सेवी संस्था ने बचाया और उसे बेलहिया (नेपाल) पुलिस के हवाले कर दिया।
रूपनदेही के एसपी प्रवीण पोखरेल ने बताया कि पिछले छह माह में 94 महिलाओं को मानव तस्करों से बचाया गया है। दो दिन पूर्व भी एक मामला पकड़ में आया है।
इन जिलों में फैला है मानव तस्करों का जाल
बेलहिया पुलिस के मुताबिक पिछले छह माह में मानव तस्करी की बरामदगी पर नजर डाली जाए तो अधिकतर मामले रुपनदेही, नवलपरासी, पाल्पा, बारा, बागलुंग, रुकुम, नुअआकोट, सुर्खेत, मोरंग, काठमांडू, श्यांजा, सल्यान, गोरखा, धाधींग, सिंधुपाल चौक, कास्की, तनहू, चितवन, रामझापा, सुनसरी, रोल्पा, कंचनपुर व गुल्मी जिले से जुड़े हैं।