फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कोरोना का कहर: महामारी में बेसहारा हुए 147 बच्चों को जल्द मिलने लगेगी मदद, इस अधिकारी को सौंपी गई जिम्मेदारी

Wed, 09 Jun 2021 06:25 PM IST
vivek shukla अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।

सार

नगरीय क्षेत्र में एसडीएम करेंगे सत्यापन, ग्रामीण क्षेत्र में संबंधित बीडीओ को सौंपी गई जिम्मेदारी, बेसहारा बच्चों की पढ़ाई, रहने-खाने का भी होगा इंतजाम, देखभाल के लिए चार हजार रुपये भी देगी सरकार।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : पिक्साबे
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

कोरोना महामारी की वजह से मां-बाप दोनों की मौत के बाद बेसहारा हुए जिले के 147  बच्चों को सरकार की बाल सेवा योजना के तहत जल्द मदद मिलने लगेगी। कोई बच्चा छूट न जाए इसलिए जिला प्रोबेशन विभाग अभी भी सर्वे जारी रखे हैं। विभाग का कहना है कि जब तक कोरोना पूरी तरह से नहीं खत्म हो जाता। सर्वे का काम जारी रहेगा।

विज्ञापन


विभाग की तरफ से चिह्नित इन बच्चों में से छह ऐसे बच्चें हैं जिनके मां और पिता दोनों की जिंदगी कोरोना ने छीन ली। इसी तरह बाकी बचे 141 बच्चे ऐसे हैं जिनके माता-पिता में से कोई एक अब दुनिया में नहीं है। योजना के तहत बच्चों की देखभाल करने के लिए चार हजार रुपये की हर माह वित्तीय सहायता मिलेगी। इसी तरह जिनकी कोई भी देखभाल करने वाला नहीं है, सरकार उनके रहने-खाने और पढ़ाई आदि सभी की व्यवस्था करेगी।

जिला प्रोबेशन अधिकारी सर्वजीत सिंह ने बताया कि योजना को लेकर डीएम की अध्यक्षता में बैठक हो चुकी है। डीएम ने निर्देश दिए हैं कि नगरीय क्षेत्र में एसडीएम, लेखपालों के माध्यम से इन बच्चों का सत्यापन करेंगे जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में यह जिम्मेदारी बीडीओ को सौंपी गई है। वह ग्राम पंचायत अधिकारियों की सहायता से संबंधित बच्चों का सत्यापन कर डीएम को रिपोर्ट सौंपेंगे।
विज्ञापन


विभाग का कहना है कि सत्यापन रिपोर्ट जिला मुख्यालय को मिलने के सात दिन के भीतर सभी बच्चों को योजना का लाभ दिलाया जाना शुरू हो जाएगा। उन्होंने बताया कि सत्यापन के दौरान पूरी रिपोर्ट तैयार की जाएगी मसलन कौन से बच्चों के मां-बाप में से किसी की जान कोरोना से गई और कौन से बच्चों के दोनों अभिभावक नहीं रहे। कितने बच्चों का पालन पोषण उनके रिश्तेदार करने को तैयार हैं और कितने बच्चों को आवासीय स्कूल में रखकर पढ़ाई कराने की जरूरत है। ऐसे ही कई अन्य जरूरी पहलुओं पर भी सत्यापन कर विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जा रही है।

 

Trending Videos
विज्ञापन

यहां दी जा सकती है ऐसे बच्चों की सूचना

  • चाइल्ड लाइन हेल्प लाइन नंबर 1098
  • महिला हेल्पलाइन नंबर 181
  • राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग की हेल्पलाइन नंबर 011-23478250
  • जिला प्रोबोशन अधिकारी - 8896502684

जिला प्रोबेशन अधिकारी सर्वजीत सिंह ने बताया कि अब तक कोरोना की वजह से अनाथ हुए 147 बच्चे चिह्नित किए जा चुके हैं। डीएम ने नगरीय क्षेत्र में एसडीएम और ग्रामीण क्षेत्र में बीडीओ को इनका सत्यापन कर रिपोर्ट उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। सत्यापन रिपोर्ट मिलने के सप्ताह भर के भीतर ही बाल सेवा योजना के तहत संबंधित बच्चों को सरकारी मदद दी जानी शुरू हो जाएगी। उनकी पढ़ाई से लेकर उनके रहने और शासन की कई अन्य योजनाओं का भी उन्हें लाभ दिलाया जाएगा। यदि किसी को ऐसे बच्चों की जानकारी हो तो वह विभाग को सूचना दे सकता है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें