सोशल मीडिया पर एक महिला का वीडियो वायरल हो रहा है। वीडियो में एक महिला रिक्शे पर बैठी हुई है। रिक्शे पर बैठी महिला को आसपास के लोग तंग करते हुए नजर आ रहे हैं। इस महिला के हाथ में एक फोन है जिससे वो वीडियो बनाती हुए नजर आ रही है।
क्या है दावा
वीडियो को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि ये महिला विदेशी है जोकि बांग्लादेश में घूमने पहुंची है वहां लोग इसे परेशान कर रहे हैं। आगे ये भी कहा जा रहा है कि महिला को हिजाब पहनने के लिए मजबूर किया जा रहा है।
हिंदुत्व नाइट (पैरोडी) (@RIGHT_WING_N) नाम के एक एक्स यूजर ने लिखा “कहीं भी जाओ, लेकिन बांग्लादेश मत आना। बांग्लादेश विदेशियों के लिए सुरक्षित नहीं है। यहां तक कि बांग्लादेश भी बांग्लादेशियों के लिए सुरक्षित नहीं है।”
भीकू म्हात्रे (@MumbaichaDon) नाम के एक एक्स यूजर ने लिखा “एक अमेरिकी महिला को हिजाब न पहनने के कारण बांग्लादेशियों द्वारा परेशान किया जाता है। लेकिन क्या हिजाब पहनना एक विकल्प नहीं है?”
पड़ताल
वीडियो की पड़ताल करने के लिए हमने सबसे पहले वीडियो को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। यहां से
यूट्यूब का एक वीडियो मिला जिसमें ये महिला मौजूद थी। इस वीडियो को प्रोतिदिनर बांग्लादेश नाम के एक यूट्यूब चैनल ने पोस्ट किया था। इसके कैप्शन में लिखा था “टीएससी में मॉडल मिष्टी सुबास के साथ क्या हुआ।”
इसके बाद हमने वीडियो से जुड़े कुछ कीवर्ड को गूगल पर सर्च किया यहां से हमें “
द डेली इंक़लाब” पर ये खबर 30 सितंबर 2024 को प्रकाशित मिली। द डेली इंकलाब बांग्लादेश का एक प्रमुख दैनिक समाचार पत्र है, जो ढाका से बांग्ला भाषा में प्रकाशित होता है।
इसमें छपी खबर के मुताबिक अभिनेत्री और मॉडल मिष्टी सुबास पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के 78वें जन्मदिन का जश्न मनाने के लिए ढाका विश्वविद्यालय के छात्र-शिक्षक केंद्र (टीएससी) में केक के साथ दिखाई दी थीं। इसके लिए कई लोगों ने अभिनेत्री का विरोध भी किया। यहां से ये साफ हो गया कि अभिनेत्री बांग्लादेश की ही है। महिला का विरोध हिजाब पहनने को लेकर नहीं हुआ बल्कि शेख हसीना का केक काटने को लेकर हुआ।
पड़ताल का नतीजा
हमारी पड़ताल में ये साफ है कि वीडियो को भ्रामक दावे के साथ शेयर किया जा रहा है।