टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग
- फोटो : सोशल मीडिया
पुलिस हिरासत में हैं आरोपी
एस्प्लेनेड कोर्ट ने चारों आरोपियों को 28 अक्टूबर तक पुलिस हिरासत में भेजा है। पुलिस ने कोर्ट को बताया कि बरामद वॉयस नोट्स में हथियार खरीदने, उन्हें रखने और एक जगह से दूसरी जगह पहुंचाने से जुड़ी बातचीत है। अब पुलिस इन रिकॉर्डिंग की जांच कर रही है। साथ ही, आवाज के नमूने लेकर यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि बातचीत किसने की थी।
हथियारों को वापस दिल्ली ले जाने की थी योजना?
पुलिस के मुताबिक, फायरिंग के बाद आरोपियों को पिस्तौल और बचे हुए कारतूस इकट्ठा करके वापस दिल्ली ले जाने के निर्देश दिए गए थे। पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि क्या हथियारों को वापस उनके स्रोत तक पहुंचाने और सबूत मिटाने के लिए यह योजना बनाई गई थी।
- जांच में सूरत में हथियारों को ठिकाने लगाने और उन्हें वहां तक पहुंचाने के रास्ते की भी पड़ताल की जा रही है।
- 24 अक्तूबर को सूरत से दो हथियार और 10 कारतूस बरामद किए गए थे।
- पुलिस को शक है कि राधा ने कथित तौर पर हथियार रेहान को दिए थे।
- रेहान पर फायरिंग करने वालों में शामिल होने का आरोप है।
- क्राइम ब्रांच अनिल पंडित की भूमिका की भी जांच कर रही है।
- पुलिस के मुताबिक, अभी यह पता लगाना बाकी है कि हथियारों को कहां से लाया गया, उन्हें कैसे छिपाया गया और इस पूरी व्यवस्था में किसने मदद की।