उड़ी आतंकी हमलों का खामियाजा पाकिस्तानी कलाकारों को भुगतना पड़ रहा है। उनके खिलाफ बॉलीवुड और टीवी जगत का एक खेमा लामबंद हो गया है। पिछले दो दिनों में राज ठाकरे की पार्टी मनसे पहले ही पाकिस्तानी कलाकारों को बोरिया-बिस्तर बांध लेने की धमकी जारी कर चुका है और अब एंटरटेनमेंट चैनल जीटीवी के प्रमुख डॉक्टर सुभाष चंद्रा ने ट्वीट किया कि जी ग्रुप जिंदगी चैनल पर प्रसारित होने वाले पाकिस्तानी सीरियलों को बंद करने पर विचार कर रहा है। साथ ही उन्होंने पाकिस्तानी कलाकारों को भारत छोड़ने को भी कहा है।
पाकिस्तानी कलाकारों के पास मुंबई छोड़ने के लिए 48 घंटे का समय
जी जिंदगी
ऐसा भारत-पाकिस्तान के पुराने रिश्तों में पहली बार है जब एक बड़े चैनल के प्रमुख का पाकिस्तान विरोधी बयान आया हो। करण जौहर की आने वाली फिल्म 'ऐ दिल है मुश्किल' का भी मनसे ने बहिष्कार करने का ऐलान किया है क्योंकि उस फिल्म में पाकिस्तानी कलाकार फवाद खान हैं। मनसे से जुड़े लोगों का तर्क है कि सरहद पार से आतंकी हमलों का सिलसिला थम नहीं रहा है इसलिए वो ऐसा कर रहे हैं। पाकिस्तानी कलाकारों के पास मुंबई छोड़ने के लिए 48 घंटे का समय है। वो बात मान लें अन्यथा अंजाम भुगतने को तैयार रहें।
सुभाष चंद्रा और मनसे के अलावा मुंबई में फिल्म और टीवी जगत से जुड़े कुछ लोग उड़ी हमलों में मारे गए जवान को श्रद्धांजलि देने के लिए पीस मार्च भी निकालेंगे।
चैनल का मालिक यह तय नहीं कर सकता कि कौन इस देश में रहे
सुशांत सिंह
वहीं फिल्म और टीवी जगत से जुड़े लोगों की सबसे बड़ी संस्था सिंटा है। उसके प्रमुख सुशांत सिंह ने सुभाष चंद्रा के फैसले को दुर्भाग्यपूर्ण करार दिया है। उनके मुताबिक जब तक किसी भी विदेशी कलाकार के पास वैलिड वर्क वीजा है वो संबंधित देश में काम करने को आजाद है। वो कोई गलत काम नहीं कर रहे। हां उनके खिलाफ कोई सरकारी पॉलिसी हो तब कोई कदम उठाया जा सकता है। किसी चैनल का मालिक यह तय नहीं कर सकता कि कौन इस देश में रहे और कौन न रहे? बहरहाल, जी जिंदगी सुभाष चंद्रा जी का अपना चैनल हैं। उसमें प्रसारित होने वाले सीरियलों को बंद करने से कोई मना नहीं कर सकता। अगर ऐसा होता है तो दुख होगा क्योंकि उस चैनल पर अच्छे शो आते हैं।
उन्होंने बताया कि वो इस बारे में कई बार ब्रॉडकास्टर्स को कह चुके हैं कि वो पाकिस्तान के शो से सीखें। उनके पास कितनी उम्दा कहानियां हैं।