संजय दत्त और शिल्पा शेट्टी की फिल्म 'केडी: द डेविल' का गाना 'सरके चुनर तेरी सरके' विवादों में आ गया है। इस गाने पर नोरा फतेही और संजय दत्त ने डांस किया है। इस गाने पर कार्रवाई की बात कही जा रही है। ऐसे में मेकर्स ने गाने को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से हटा दिया है। इस गाने के रिलीज होने के बाद यूजर्स ने गाने की आलोचना की है। ऐसे में जानते हैं गाने के पीछे कौन लोग हैं?
कौन हैं गाने के लेखक और सिंगर?
'सरके चुनर तेरी सरके' गाने के हिंदी बोल किसी साधारण इंसान ने नहीं बल्कि उन्होंने लिखे हैं, जिनके गानों से सजी फिल्म 'स्लमडॉग मिलेनियर' को ऑस्कर मिल चुका है। ये गीतकार रकीब आलम हैं। इस गाने को मशहूर गायिका मंगली ने गाया है।
रकीब आलम
- फोटो : एक्स
गाना नहीं लिखना चाहते थे रकीब
रकीब आलम के लिखे गाने 'सरके चुनर' पर विवाद होने के बाद उन्होंने कहा है कि वह यह गाना नहीं लिखना चाहते थे, लेकिन डायरेक्टर के कहने पर कन्नड़ भाषा के गाने को वर्ड-टू-वर्ड ट्रांसलेट कर दिया। रकीब आलम हिंदी सिनेमा के जाने-माने गीतकार हैं। उन्होंने कई ब्लॉकबस्टर फिल्मों के लिए गाने लिखे हैं। हालांकि अभी तक यह बात साफ नहीं हुई है कि गाने के कन्नड़ बोल किसने लिखे थे।
क्या बोल्ड होते हैं रकीब के लिखे गाने?
रकीब आलम का यह पहला गाना नहीं जिसके बोल काफी बोल्ड हैं। उन्होंने फिल्म 'स्लमडॉग मिलेनियर' का मशहूर गाना 'रिंग-रिंग रिंगा' लिखा था। इस गाने के बोल, जो काफी बोल्ड हैं, वह कुछ इस तरह हैं 'खटिए पे मैं पड़ी थी और गहरी नींद बड़ी थी, आगे क्या मैं कहूं सखी रे, एक खटमल था सयाना, मुझपर था उसका निशाना, चुनरी में घुस गया धीरे-धीरे...।' हालांकि इस गाने पर विवाद नहीं हुआ था।
मंगली
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विवादों में घिरा पहला गाना
'सरके चुनर' गाने को सिंगर सत्यवती राठौड़ उर्फ मंगली ने गाया है। मंगली तेलंगाना की मशहूर लोक गायिका हैं। वह तमिल, तेलुगू और दूसरी भाषाओं में गाना गाती हैं। उन्होंने इस गाने से हिंदी में डेब्यू किया था। उनका हिंदी का पहला गाना ही विवादों में आ गया है। उन्होंने इसी फिल्म का तेलुगू वर्जन गाना भी गाया है।