फिल्म का बना हिंदी रीमेक
1999 में रिलीज हुई इस तमिल फिल्म का निर्देशन शंकर ने किया था। शंकर ही इसके सह-निर्माता और सह-लेखक थे। इसमें अर्जुन, मनीषा कोइराला और रघुवरन ने मुख्य भूमिकाएं निभाई थीं। फिल्म में एआर रहमान का संगीत था।
इसी फिल्म में 'एक दिन का मुख्यमंत्री' का कॉन्सेप्ट दिखाया गया था। फिल्म के सीन की भी काफी तारीफ हुई थी। 1999 में रिलीज हुई बॉलीवुड फिल्म 'नायक' इसी का हिंदी रीमेक थी।
क्या थी फिल्म की कहानी?
फिल्म की कहानी एक टीवी पत्रकार, पुगजेंडी के इर्द-गिर्द घूमती है। उसे तमिलनाडु के मुख्यमंत्री का पहला इंटरव्यू लेने का मौका मिलता है। पुगजेंडी, मुख्यमंत्री से तीखे सवाल पूछता है। इसके जवाब में मुख्यमंत्री उसे चुनौती देते हैं कि वह एक दिन के लिए उनकी जगह मुख्यमंत्री बनकर उनकी अनसुलझी समस्याओं का सामना करे। इसके बाद पुगजेंडी एक दिन के लिए मुख्यमंत्री बनते हैं और कई बदलाव करते हैं।
विजय के पिता का रिएक्शन
निर्देशक एस शंकर के अनुसार, उन्होंने शुरुआत में अपने एक सहयोगी के जरिए एसए चंद्रशेखर से संपर्क किया था, ताकि 'मुधलवन' में विजय को कास्ट किया जा सके। हालांकि इन लोगों के बीच बात नहीं बन सकी।
इसके बाद, शंकर ने इस फिल्म में अर्जुन सरजा को लिया। बाद में एसए चंद्रशेखर ने कथित तौर पर शंकर से कहा कि उन्हें किसी सहयोगी के माध्यम से बात करने के बजाय सीधे बात करनी चाहिए थी।