फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Shakti Samanta: कभी सिंगर तो कभी एक्टर बनने की कोशिश की, डायरेक्टर बने तो हिंदी सिनेमा को पहला सुपरस्टार दिया

Wed, 09 Apr 2025 08:48 AM IST
सिराजुद्दीन एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला

सार

Shakti Samanta Death Anniversary: शक्ति सामंत का नाम बॉलीवुड के बड़े निर्देशकों में शामिल होता है। उन्होंने बॉलीवुड को फिल्मों के वर्जन बनाने का ट्रेंड दिया। आज उनकी पुण्यतिथि पर आइए जानते हैं उनसे जुड़ी कुछ अहम बातें।
विज्ञापन
राजेश खन्ना के साथ शक्ति सामंत और उत्तम कुमार - फोटो : फोटो- सोशल मीडिया से
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

शक्ति सामंत बॉलीवुड के बड़े निर्देशकों में गिने जाते हैं। एक अध्यापक से लेकर निर्देशक बनने तक का उनका सफर संघर्ष भरा रहा है। उन्होंने बॉलीवुड को एक नया ट्रेंड दिया। अपनी मेहनत की बदौलत वह बॉलीवुड के उस स्थान पर पहुंचे जहां पहुंचने का निर्देशकों का सपना होता है। उन्होंने हिंदी सिनेमा के दिग्गज शमी कपूर, शर्मिला टैगोर और राजेश खन्ना जैसे कलाकारों के साथ काम किया। आज उनकी पुण्यतिथि पर आइए जानते हैं उनके बारे में खास बातें।
विज्ञापन


बॉलीवुड को दीं बेहतरीन फिल्में
बॉलीवुड के बेहतरीन निर्देशक शक्ति सामंत ने भारतीय सिनेमा को 'आवाज', 'अनुराग' और 'अमर प्रेम' जैसी बेहतरीन फिल्में दी हैं। उनकी मेहनत की वजह से ही उन्हें 'आराधना' और 'अमानुष' जैसी फिल्मों के लिए फिल्मफेयर अवॉर्ड से नवाजा गया। शक्ति सामंत ब्रिटिश इंडिया के बंगाल प्रेसीडेंसी में 13 जनवरी 1926 को पैदा हुए। तालीम हासिल करने के लिए वह अपने चाचा के साथ उत्तराखंड चले आए। उनकी शुरूआती पढ़ाई देहरादून में हुई। इसके बाद आगे की पढ़ाई के लिए दोबारा पश्चिम बंगाल चले आए। 1944 में उन्होंने कलकत्ता यूनिवर्सिटी से स्नातक की उपाधि हासिल की।
Trending Videos

शक्ति सामंत की फिल्में - फोटो : फोटो- अमर उजाला
सिंगर और एक्टर बनना चाहते थे शक्ति सामंत
शिक्षा हासिल करने के बाद शक्ति सामंत ने बॉलीवुड का एक्टर बनने का सपना देखा। इसलिए वह बॉम्बे के करीब के इलाके दापोली पहुंचे। यहां उन्होंने एक शिक्षक की नौकरी कर ली। यह जगह मुंबई से 200 किलोमीटर दूर थी। हालांकि इससे पहले वह एक गायक बनना चाहते थे। 1947 में वह शक्ति बर्मन के पास ऑडिशन के लिए भी गए। बर्मन ने उन्हें एक कोरस गाने में गाने का ऑफर दिया।
यह खबर भी पढ़ें: Saif Ali Khan: सैफ पर हमला मामले में पुलिस ने दाखिल की 1000 पन्नों की चार्जशीट, आरोपी के खिलाफ मिले अहम सबूत


सहायक निर्देशक तौर पर किया काम
शक्ति सामंत का गायकी की तरफ मन नहीं लगा। इसलिए उन्होंने निर्देशन की तरफ रुख किया। उन्होंने 1948 में सतीश निगम के साथ सहायक निर्देशक के तौर पर काम करना शुरू किया। उन्होंने राज कपूर की फिल्म 'सुनहरे दिन' में सहायक निर्देशक की भूमिका निभाई। इसके बाद उन्होंने निर्देशक ज्ञान मुखर्जी और फानी मजूमदार के साथ काम किया। इस दौरान उन्होंने 'तमाशा' और 'धोबी डॉक्टर' जैसी फिल्मों में काम किया।

शक्ति सामंत इन पदों पर रहे - फोटो : फोटो- अमर उजाला
अपनी प्रोडक्शन कंपनी बनाई
बतौर निर्देशक शक्ति सामंत ने 1954 में 'बहू' फिल्म का निर्देशन किया। इसके बाद इन्होंने बॉलीवुड को 'इंस्पेक्टर', 'डिटेक्टिव' और 'हिल स्टेशन' जैसी फिल्में दीं। 1957 आते आते वह इतना कामयाब हो गए कि उन्हेंने अपनी प्रोडक्शन कंपनी 'शक्ति फिल्म्स' की शुरूआत कर दी। इस बैनर तले उन्होंने सबसे पहली फिल्म 'हावड़ा ब्रिज' बनाई। यह फिल्म हिट रही। यह उनके करियर का टर्निंग पॉइंट था। इसके बाद उन्होंने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा। 

बॉलीवुड को दिया फिल्मों के वर्जन बनाने का ट्रेंड
शक्ति सामंत ने अपने करियर में 43 फीचर फिल्मों का निर्देशन किया। इनमें से 37 फिल्में हिंदी और छह बंगाली थीं। वह सबसे ज्यादा 'कश्मीर की कली', 'हावड़ा' और 'सावन की घटा' के लिए जाने जाते हैं। शक्ति सामंत को इस बात के लिए भी याद किया जाता है कि वह फिल्मों के दो वर्जन बनाते थे। उनकी कई हिंदी फिल्में बंगाली भाषा में भी होती थीं।
यह खबर भी पढ़ें: Swara Bhasker Birthday: कभी 'बिंदिया' तो कभी 'चंदा', इन किरदारों से स्वरा भास्कर ने खूब लूटी वाहवाही
 
विज्ञापन

राजेश खन्ना के साथ हिट रही जोड़ी
शक्ति सामंत उन निर्देशकों में से एक हैं जिन्हेंने शमी कपूर, शर्मिला टैगोर, अमिताभ बच्चन और राजेश खन्ना जैसे बड़े कलाकारों के साथ काम किया है। शक्ति सामंत खुद तो एक्टर नहीं बन पाए लेकिन उन्होंने हिंदी सिनेमा को राजेश खन्ना जैसा सुपर स्टार दिया। शक्ति सामंत ने राजेश खन्ना को 'आराधना' में मौका दिया। इसके बाद राजेश खन्ना ने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा। वह एक सुपर स्टार के तौर पर जाने जाने लगे।

बेटे और पत्नी के साथ किया काम
शक्ति सामंत की कई फिल्मों के निर्माता उनकी पत्नी और बेटा रहे हैं। वह कई ऐसी फिल्मों के निर्माता रहे हैं जिनका निर्देशन उनके बेटे आशिम सामंत ने किया है। 9 अप्रैल साल 2009 को दिल की बीमारी की वजह से शक्ति सामंत का निधन हो गया। 

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें