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Udaipur Files: 'कोई लिखित आदेश नहीं, सिर्फ तत्काल सुनवाई से इनकार', 'उदयपुर फाइल्स' केस में कोर्ट ने किया साफ

Thu, 10 Jul 2025 08:17 PM IST
पूनम कंडारी एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला

सार

इन दिनों फिल्म ‘उदयपुर फाइल्स: कन्हैया लाल टेलर मर्डर’ चर्चा में है। यह फिल्म रिलीज से पहले मुश्किल में है। कोर्ट में इससे जुड़ा मामला चल रहा है। हाल ही में सुप्रीम कोर्ट ने भी स्पष्ट किया कि फिल्म को लेकर कोई लिखित आदेश नहीं दिया, सिर्फ तत्काल सुनवाई से इनकार किया है। 

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‘उदयपुर फाइल्स: कन्हैया लाल टेलर मर्डर’ - फोटो : एक्स (ट्विटर)
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विस्तार
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सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को साफ किया कि फिल्म ‘उदयपुर फाइल्स: कन्हैया लाल टेलर मर्डर’ को लेकर कोई लिखित आदेश पारित नहीं किया, बस रिलीज के खिलाफ याचिका पर तुरंत सुनवाई करने से इंकार किया है। न्यायमूर्ति सुधांशु धूलिया और जॉयमाल्या बागची की ओर से यह स्पष्टीकरण तब आया जब आरोपी मोहम्मद जावेद की तरफ से वकील कपिल सिब्बल ने कहा कि कोर्ट की टिप्पणी, ‘फिल्म को रिलीज होने दीजिए’ के कारण भ्रम की स्थिति पैदा हुई है।

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आरोपियों के वकील की दलील 
सिब्बल द्वारा सफाई मांगे जाने पर कोर्ट ने कहा कि उन्होंने यह टिप्पणी जरूर की थी लेकिन कोई लिखित आदेश पारित नहीं किया गया था। अदालत ने बस तत्काल सुनवाई करने के अनुरोध को अस्वीकार कर दिया था।’ इस पर सिब्बल ने कहा कि फिल्म 11 जुलाई को रिलीज होगी, जिससे आरोपियों के मुकदमे में पक्षपात जैसी स्थिति पैदा होगी। वह कहते हैं, 'याचिका पर सुनवाई नहीं हुई है और अदालत की टिप्पणी ने भ्रम पैदा कर दिया है।’ उन्होंने सुप्रीम कोर्ट को दिल्ली उच्च न्यायालय जाने की जानकारी भी दी। 

कोर्ट ने अपनी बात को स्पष्ट तौर पर कहा 
न्यायमूर्ति बागची ने जहां फिल्म को रिलीज नहीं करने की राय दी, वहीं न्यायमूर्ति धूलिया ने कहा कि अदालत ने सिर्फ यह कहा था कि वह तत्काल सुनवाई नहीं कर रही है। इस बात को लेकर कोई भम्र नहीं होना चाहिए। 
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आराेपी ने दायर की थी याचिका 
यह याचिका मोहम्मद जावेद ने दायर की थी, जो इस कन्हैया लाल मामले में आठवां आरोपी है। उसने सुनवाई पूरी होने तक फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने की मांग की थी। याचिकाकर्ता ने तर्क दिया कि फिल्म अपने ट्रेलर और प्रमोशन में सांप्रदायिक रूप से भड़काऊ नजर आती है। इस समय फिल्म को रिलीज करने केस पर असर पड़ेगा। क्योंकि फिल्म में आरोपी को दोषी और कहानी को पूरी तरह से सच दिखाया गया है। 
बताते चलें कि राजस्थान के उदयपुर स्थित दर्जी कन्हैया लाल की जून 2022 में कथित तौर पर मोहम्मद रियाज और मोहम्मद गौस ने हत्या कर दी थी। उस वक्त यह मामला काफी चर्चा में रहा।

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