18 साल किया फिल्म और टीवी इंडस्ट्री में काम
स्नेहिल मेहरा ने बताया कि उन्होंने घर वालों की इच्छा के मुताबिक इंजीनियरिंग की। मगर, उनकी इच्छा पत्रकारिता की दुनिया में आने की थी। पत्रकारिता में तो नहीं गईं, लेकिन उन्होंने करीब 18 साल फिल्म और टीवी इंडस्ट्री में काम किया। स्नेहिल के मुताबिक, 'मैंने बहुत बड़े-बड़े चैनल और शोज पर काम किया। खूब लिखा। टेलीविजन राइटिंग में मेरी बहुत अच्छी पकड़ बन गई थी। मुझे पता चला मैं बहुत अच्छी स्टोरीटेलर हूं। फिर भारत में ओटीटी प्लेटफॉर्म पर शो आ रहे थे। एक सीरीज आई 'अपहरण', जिसमें मुझे मौका मिला।
Amit Sial Exclusive: 'मैं कभी पीछे मुड़कर नहीं देखना चाहता', संवाद में बचपन के संघर्ष को यादकर बोले अमित सियाल
कास्ट नहीं मिल रही थी तो स्नेहिल को मिला मौका
स्नेहिल ने बताया कि इस सीरीज के दौरान वे वहां क्रिएटिव डायरेक्टर थीं। आगे उन्होंने बताया, 'वहां हमें एक कास्टिंग नहीं मिल रही थी, जो एक लाइन बोल दे, 'एजी, गाली दे रहा है कोई'। उसके लिए मुझे चुना गया। वह मैंने बोली। मैंने उस मौके को हाथ से नहीं निकलने दिया। मैं 'अपहरण' की वजह से कैमरे के सामने आई। ऊपर वाले की कृपा रही कि ऐसा हुआ। इंटरनेट की जनता ने नाम दिया 'बीसी आंटी'। यह श्रेय उन दर्शकों को जाता है, जिन्होंने सोशल मीडिया पर मुझे देखा और सराहा। और आज इतने बड़े मंच पर मैं यहां बैठी हूं'।
Juhi Babbar: ‘रंगमंच सुनते ही झोला पकड़े गरीब इंसान की..’, जूही बब्बर ने संवाद में सुनाया दिलचस्प किस्सा
कुछ वक्त बाद बन जाएंगी 'बीसी अम्मा'
संवाद में स्नेहिल से पूछा गया कि महिलाओं को लगता है कि आंटी शब्द उन्हें किसी ने गलत बोल दिया। आपका तो हैंडल ही इस नाम से है। आपने कैसे किया ऐसा? इस पर स्नेहिल ने कहा, 'मैं उम्र के उसी पड़ाव पर हूं। मेरा टीनएज बेटा है। उसके दोस्त मुझे आंटी कहते हैं। कुछ वक्त बाद जब मेरे बाल पक जाएंगे तो शायद मेरा नाम बीसी अम्मा हो जाएगा।