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Panchayat 4: ‘एक दिन की पॉलिटिशियन बन जाऊं...’, ‘पंचायत’ की मंजू और क्रांति देवी ने दिया दिल छूने वाला जवाब

सार

Neena Gupta Vs Sunita Rajwar: मोस्ट-अवेटेड वेब सीरीज ‘पंचायत सीजन 4’ का ट्रेलर सामने आ चुका है। इस बार फुलेरा गांव में चुनाव का जबरदस्त माहौल है। मंजू देवी (नीना गुप्ता) और क्रांति देवी (सुनीता राजवार) के बीच कांटे की टक्कर है।
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वेब सीरीज 'पंचायत 4' में नीना गुप्ता और सुनीता राजवार - फोटो : एक्स (ट्विटर)
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विस्तार
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वेब सीरीज ‘पंचायत सीजन 4’ में नीना गुप्ता और सुनीता राजवार, मंजू देवी और क्रांति देवी नाम के दमदार किरदार निभा रही हैं। हाल ही में इन दोनों उम्दा अभिनेत्रियों ने अमर उजाला डिजिटल से बात की। बातचीत सिर्फ सीरीज तक ही सीमित नहीं रही, नीना गुप्ता और सुनीता राजवार ने रियल लाइफ पॉलिटिक्स पर भी बात की है। 

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नीना गुप्ता - फोटो : इंस्टाग्राम

पॉलिटिक्स मेरे बस की बात नहीं है- नीना गुप्ता
जब हमने नीना गुप्ता से पूछा कि क्या उन्हें पॉलिटिक्स में दिलचस्पी है या कोई बदलाव लाने की ख्वाहिश, तो उन्होंने एक बहुत ही चौंकाने वाला अनुभव साझा किया। ‘कुछ महीनों पहले मैं जुहू में वोट करने गई थी। तय कर लिया था कि किस पार्टी को वोट देना है लेकिन वो पार्टी गठबंधन में थी। उसका साइन बदल गया था। मुझे पता ही नहीं चला और मैंने किसी और को वोट दे दिया, मेरे स्टाफ के साथ भी यही हुआ।’ इस अनुभव से उन्होंने कैंपेन की क्लैरिटी की कमी पर जोर दिया। नीना गुप्ता ने आगे कहा, ‘अंदर जाकर सोच रही थी ये किसका साइन है? ये तो मैंने सोचा ही नहीं था। कैंपेनिंग में साफ-साफ जानकारी नहीं दी जाती है। बहुत वेस्टेड इंटरेस्ट्स होते हैं। वैसे मैं पॉलिटिक्स से दूर रहना पसंद करती हूं। 

सुनीता राजवार - फोटो : इंस्टाग्राम@sunita_rajwar

पॉलिटिक्स शब्द से ही चिढ़ है- सुनीता राजवार
नीना गुप्ता की बात पर सुनीता राजवार ने भी तुरंत हामी भरी। उन्होंने कहा कि उन्हें पॉलिटिक्स बिल्कुल भी समझ में नहीं आती है। उन्होंने तो पॉलिटिक्स शब्द से ही चिढ़ होने की बात कही। ‘सच कहूं तो, जब किसी नेता को सुनती हूं तो वो ठीक लगता है। फिर जब दूसरे को सुनती हूं तो वो भी सही लगता है। लेकिन फिर ऐसा लगता है कि दोनों में ही कुछ न कुछ गड़बड़ है। इसलिए मुझे समझ ही नहीं आता कि किस पर भरोसा करूं। पॉलिटिक्स हर जगह है और मुझे वो बहुत गंदी लगती है।’ 

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वेब सीरीज 'पंचायत 4' - फोटो : एक्स (ट्विटर)
अगर एक दिन के लिए पॉलिटिशियन बन जाएं तो...?
हालांकि दोनों ने पॉलिटिक्स से दूरी बना रखी है लेकिन जब उनसे पूछा गया कि अगर उन्हें एक दिन के लिए देश की सत्ता संभालने का मौका मिले, तो क्या बदलाव लाना चाहेंगी?
नीना गुप्ता का फोकस था बेरोजगारी पर: ‘अगर हमें अपने देश में असली और बड़ा बदलाव लाना है, तो सबसे पहले एम्प्लॉयमेंट पर ध्यान देना होगा। जब युवाओं को काम मिलेगा, वे आत्मनिर्भर बनेंगे, कमाएंगे और समाज को बेहतर दिशा में ले जाएंगे। इससे क्राइम भी कम होगा और देश खुद-ब-खुद बदलने लगेगा।’
सुनीता राजवार ने जोर दिया कि गांवों की हालत सुधारे बिना देश नहीं सुधर सकता:  ‘गांवों में न हॉस्पिटल हैं, न स्कूल, न सफाई। लोग शहर आते हैं और कई बार रास्ते में ही दम तोड़ देते हैं। जो शहर गंदे माने जाते हैं, वहीं गांववालों को 'बेहतर' लगते हैं, ये सोच ही बदलनी होगी। अगर मौका मिला, तो मैं हर गांव तक मेडिकल और एजुकेशन की सुविधाएं पहुंचाने की कोशिश करूंगी।’ 
बताते चलें कि वेब सीरीज  'पंचायत 4’ 24 जून को अमेजन प्राइम वीडियो पर रिलीज होगी।
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