बीते शुक्रवार को रिलीज 11 में से दो महत्वपूर्ण फिल्मों अलीगढ़ और तेरे बिन लादेन डेड ऑर अलाइव का टिकट खिड़की पर बहुत बुरा प्रदर्शन रहा। अलीगढ़ की स्थिति तो यह रही है कि पहले वीकेंड में फिल्म बमुश्किल सवा करोड़ रुपये के आंकड़े के करीब पहुंच सकी। तेरे बिन लादेन पौने दो करोड़ से अधिक के कलेक्शन की वजह से थोड़ी ही आगे थी।
निर्देशक हंसल मेहता की मनोज वाजपेयी-राजकुमार राव स्टारर अलीगढ़ समलैंगिका के मुद्दे पर है और विवादों के बावजूद दर्शक इसे देखने नहीं गए। यूपी के शहर अलीगढ़ के जिस जिस घटना पर यह फिल्म बनी, वहां तो यह रिलीज ही नहीं हुई। पहले दिन फिल्म ने देश भर में 50 लाख रुपये भी नहीं कमाए। यह आंकड़ा मात्र 30 लाख रुपये रहा। अच्छी समीक्षाओं की वजह से आंकड़ा शनिवार-रविवार को थोड़ा सुधरा और दो दिन का कलेक्शन एक करोड़ रुपये से ऊपर पहुंच सका।
तेरे बिन लादेन (2010) की सीक्वल कलेक्शन के मामले में थोड़ी बेहतर रही और शुक्रवार-शनिवार को इसने एक करोड़ 30 तीस रुपये के आस-पास कमाए। रविवार को भी फिल्म शनिवार की तरह ही रही। दर्शकों की संख्या में ज्यादा इजाफा नहीं दिखा। इन फिल्मों द्वारा दर्शक जुटाने में नाकाम रहने का फायदा सोनम कपूर स्टारर नीरजा को मिल रहा है।