‘मैं बेहद आभारी हूं। लेकिन नामांकन पाए बाकी साथियों से ज्यादा बुलंदी पर नहीं हूं, क्योंकि हम सभी का फिल्मों के लिए प्रेम एक जैसा है। इस अभिव्यक्ति के माध्यम ने मुझे एक शानदार जीवन जीने का मौका दिया है। मुझे नहीं पता अगर मैं फिल्मों में नहीं होता तो कहां होता। उन्होंने कहा, 'कई बार हम ऐसा महसूस करते हैं या हमें महसूस करवाया जाता है कि हम कई मुद्दों के चैंपियन हैं। लेकिन मेरे लिए यह सभी मुद्दे एक जैसे हैं। जब हम लैंगिक समानता, नस्लवाद, लैंगिक अल्पसंख्यकों के अधिकार, स्थानीय अधिकार, जीव अधिकार आदि की बात करते हैं तो हम अन्याय के खिलाफ लड़ने की बात करते हैं।
मैं तो बेहद स्वार्थी रहा हूं, दूसरा अवसर देने का शुक्रिया।'
'मैं बेहद स्वार्थी था। कई बार इतना बेरहम हो जाता था कि मेरे साथ काम करना मुश्किल हो जाए। लेकिन मैं यहां मौजूद कई लोगों का आभारी हूं, जिन्होंने मुझे दूसरा अवसर दिया। यही वह मौका होता है जब हम अच्छे बनते हैं, एक-दूसरे को सहयोग करते हैं। हम पुरानी गलतियों के लिए एक-दूसरे को खारिज नहीं करने लगते, बल्कि आगे बढ़ने में मदद करते हैं, सिखाते हैं, पाप मुक्ति की राह बताते हैं। मेरा भाई रिवर जब 17 साल का था, तो उसने एक गीत में लिखा था, - रन टू द रेस्क्यू विद लव एंड पीस विल फॉलो (प्रेम से मदद के लिए हाथ बढ़ाओ, शांति जरूर मिलेगी।)।
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