गोविंदा के आयोजन की तैयारी में जुटे समाजजन
गोविंदा जैसा एक्टर नहीं मिलेगा
उन्होंने गोविंदा के बारे में कहा 'उनकी कोशिश थी कि किसी तरह से पैसे आ जाएं। उनके पास भाई बहनों की जिम्मेदारियां थीं। वह पैसों में उलझे रहते थे। वह सब कुछ करना चाहते थे। उनका नजरिया ही ऐसा हो गया था। उनके पास काम और दबाव बहुत था। वह वहमी भी हो गए थे। यह सारी चीजें उनको खाती रहीं। हालांकि आपको गोविंदा जैसा एक्टर नहीं मिलेगा।'
पहलाज निहलानी ने की गोविंदा की मदद
पहलाज निहलानी ने गोविंदा के बारे में कहा 'उसने शोला और शबनम' में काम किया। उस वक्त उनके पास कोई काम नहीं था। जब उनके पास कोई काम नहीं था, तब मैंने उन्हें 'शोला और शबनम' फिल्म दी। वह इसमें पहली बार कॉमेडी कर रहे थे। फिर उनके पास कोई काम नहीं था तब मैंने उन्हें फिल्म 'आंखें' दीं। मैंने उनकी छवि बदली। 'शोला और शबनम' और 'आंखें' दोनों एक दूसरे की विपरीत हैं। मैंने उन्हें उस रोल के काबिल बनाया।'