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हाथरस कांड पर भड़के व्रजेश हीरजी ने शेयर की कविता, कहा- 'सुनो द्रोपदी शस्त्र उठा लो'

Sat, 03 Oct 2020 07:48 PM IST
अपूर्वा राय एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
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व्रजेश हीरजी - फोटो : Twitter- @vrajeshhirjee
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उत्तर प्रदेश के हाथरस जिले में कथित सामूहिक दुष्कर्म मामले के खिलाफ पूरे देश में गुस्सा है। हाथरस जिले के एक गांव में बीते 14 सितंबर को मवेशियों के लिए चारा लेने खेत गई 19 वर्षीय अनुसूचित जाति की एक लड़की को गांव के ही चार युवकों ने अपनी दरिंदगी का शिकार बनाया था। 

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लड़की को पहले अलीगढ़ के जेएन मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था, फिर हालत बिगड़ने पर उसे दिल्ली के सफदरजंग हॉस्पिटल रेफर कर दिया गया था। यहां इलाज के दौरान मंगलवार सुबह पीड़िता की मौत हो गई थी। इसके बाद पीड़िता के शव को देर रात परिजनों की मर्जी के खिलाफ प्रशासन द्वारा जबरन अंतिम संस्कार कर दिया गया। जिससे पूरे देश के लोगों में गुस्सा है, लोगों ने इसे घोर अमानवीय करार दिया है।
 

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हर किसी के जुबान पर बस न्याय की गुहार है। जहां एक ओर लोग महिलाओं के साथ होने वाले अपराधों से काफी नाराज हैं वहीं वह अब सोशल मीडिया पर न्याय की मांग कर रहे हैं। हाथरस घटना के बाद अब बॉलीवुड सेलेब्स भी न्याय की मांग कर रहे हैं। व्रजेश हीरजी ने अपने ट्विटर अकाउंट पर एक कविता साझा की है जिसे लोग खूब पसंद कर रहे हैं। 

व्रजेश हीरजी कहते हैं, हमें शर्मा आनी चाहिए, गांधी जंयती के मौके पर क्या बढ़िया तोहफा पेश किया है गांधी जी की याद में। दे दी हमें आजादी बिना खडग बिना ढाल, मेरे एक मित्र ने बहुत ही शानदार कविता भेजी है जिसे में सुनाना चाहता हूं। 
'सुनो द्रोपदी शस्त्र उठा लो, अब गोविंद ना आएंगे छोड़ो मेहंदी खड़ग संभालो खुद ही अपना चीर बचा लो द्यूत बिछाए बैठे शकुनि, मस्तक सब बिक जाएंगे सुनो द्रोपदी शस्त्र उठालो, अब गोविंद ना आएंगे। कब तक आस लगाओगी तुम, बिके हुए अखबारों से, कैसी रक्षा मांग रही हो दुशासन दरबारों से स्वयं जो लज्जा हीन पड़े हैं वे क्या लाज बचाएंगे सुनो द्रोपदी शस्त्र उठालो अब गोविंद ना आएंगे कल तक केवल अंधा राजा, अब गूंगा-बहरा भी है होंठ सिल दिए हैं जनता के, कानों पर पहरा भी है तुम ही कहो ये अश्रु तुम्हारे, किसको क्या समझाएंगे? सुनो द्रोपदी शस्त्र उठालो, अब गोविंद ना आएंगे।'

 
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