राजनीति की अपनी लीलाएं हैं। उसकी अठखेलियां किसी का दिल तोड़ सकती हैं। इस बार टूटने वाले दिल मासूम बच्चों के थे। स्माइल फाउंडेशन के वो बच्चे जिनके चेहरों पर मुस्कान लाने का वादा गायक-संगीतकार विशाल डडलानी ने किया था। तय कार्यक्रम के तहत वो अंधेरी इलाके में स्कूल कार्यक्रम में जाने वाले थे। वहां बच्चों की परफॉरमेंस देख उनकी हौसलाअफजाई करने वाले थे मगर इस नेक काम के आड़े राजनीति आ गई। जैन मुनि तरुण सागर महाराज विवाद के चलते उन्होंने बच्चों से किया वादा तोड़ दिया।
न आए विशाल और न उनके साथी शेखर रिजवानी। हां, उनके संग एसोसिएट हुए ब्रिटिश बैंड वैंप्स ने जरूर आयोजन में शिरकत की। बच्चों ने अपनी मायूसी किनारे करते हुए वैंप्स के गीतकार-संगीतकारों का खुले दिल से स्वागत किया।
विशाल नहीं पहुंचे कार्यक्रम में
विशाल डडलानी
छठी कक्षा के यश शेखर पालव उनके लिए दिलवाले का गाना गाने वाले थे, पर वह मायूस रह गए। उनके दोस्त आदित्य उनके लिए हैप्पी न्यू ईयर का गाना 'इंडियावाले' गाने वाले थे। आदित्य ने कहा, मैं उनके संग गाना गाता, पर दिल के अरमां आंसुओं में बह गए। हम लोग उनसे यही कहना चाहेंगे कि उन्हें ऐसा नहीं करना चाहिए था। अगली बार जब वो कोई वादा करें तो उसे निभाएं। हम सब हर्ट हुए हैं।