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यही है तमाशा की पूरी कहानी, फिल्म आने से पहले ही पढ़ लीजिए

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अगले शुक्रवार को रिलीज होने जा रही रणबीर कपूर-दीपिका पादुकोण स्टारर तमाशा किस फिल्म से प्रेरित है? जो लोग इसके रोमांटिक मूड पर जा रहे हैं वे इसे इन सितारों की दो साल पुरानी कामयाब फिल्म ये जवानी है दीवानी (निर्देशकः अयान मुखर्जी) से जोड़ कर देख रहे हैं।
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जबकि इंडस्ट्री में इस बात की चर्चा जोरों पर है कि तमाशा का मूल आइडिया निर्देशक राजकुमार हिरानी की सुपर हिट फिल्म थ्री इडियट्स से प्रेरित है। कुल मिला कर तमाशा भी दर्शकों को वही संदेश दे रही है जो थ्री इडियट्स ने दिया था। फर्क इतना है कि निर्देशक इम्तियाज अली की फिल्म में युवाओं को ध्यान में रख कर प्रेम कहानी को आकार दिया गया है।

सूत्रों के अनुसार तमाशा में रणबीर वेद साहनी नाम के ऐसे युवा की भूमिका में हैं जिसे बचपन से किस्से-कहानियां सुनने का शौक रहा है। रामलीला उसे खूब पसंद है। वह पौराणिक कथाओं का दीवाना है और रामायण-महाभारत, लैला-मंजनू की कथाएं उसके भीतर रची बसी हैं। वह इन्हीं कथा-कल्पनाओं के संसार में रहना और दुनिया को नई कहानियां सुनाना चाहता है, लेकिन मुश्किल यह है कि उसका परिवार उसे इंजीनियर बनाने की इच्छा रखता है।
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दीपिका-रणबीर विदेश में छुट्टियां मनाते हुए पूरी मौज-मस्ती करेंगे

नतीजा यह कि वेद पिता की बात सुनते हुए शिमला में इंजीनियरिंग की पढ़ाई करता है। लेकिन अपने जीवन में दुखी रहता है। एक बार जब वह अपनी रूटीन जिंदगी से ऊब कर विदेश घूमने निकलता है तो उसकी मुलाकात तारा (दीपिका पादुकोण) से होती है। वेद के विपरीत तारा एक बहुत खुशमिजाज और चंचल लड़की है।

वेद को उसका अंदाज पसंद आता है और दोनों दोस्त बन जाते हैं, मगर एक-दूसरे से अपनी सच्ची पहचान छुपा कर रखते हैं। तारा वेद को इस बात के लिए मना लेती है कि दोनों विदेश में छुट्टियां मनाते हुए पूरी मौज-मस्ती करेंगे और सब कुछ यहीं भूल कर अपने घर लौट जाएंगे।

तारा का कुछ दिनों का साथ वेद को बदल देता है। तारा उसे समझाती है कि जिंदगी में किसी भी इंसान को वही करना चाहिए, जो उसका दिल कहता है। वह नहीं, जिसका समाज या परिवार उस पर दबाव डाल रहा है। फिल्म में प्यार के त्याग और बलिदान की बात भी कही गई है कि किसी को सिर्फ प्यार की खातिर अपने सपनों का गला नहीं घोंटना चाहिए।

बस ये छोटी सा अंतर है तमाशा और 3 इडियट्स में

इम्तियाज अली का कहना है कि वेद और तारा के प्यार की कहानी की प्रेरणा उन्हें राधा-कृष्ण के प्यार से मिली। जिसमें दोनों के बीच प्यार होते हुए भी मित्रता का भाव अधिक होता है। निर्देशक के अनुसार आज के युवा इन्हीं परिस्थितियों में उलझे हैं कि वे करना कुछ चाहते हैं, परिवार उनसे कुछ और उम्मीदें रखता है। उल्लेखनीय है कि आमिर खान स्टारर फिल्म थ्री इडियट्स में भी यही बात कही गई थी।

उसमें आमिर खान अपने दो दोस्तों के लिए प्रेरणा बनते हैं और उन्हें समझाते हैं कि जिंदगी में अपनी मर्जी का करिअर चुनें, न कि जबरदस्ती वह बनने की कोशिश करें जो घरवाले चाहते हैं। थ्री इडियट्स कॉमेडी के साथ शिक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करते हुए एक सामाजिक फिल्म थी। जबकि मर्जी से जिंदगी जीने की बात करती हुई तमाशा रोमांस के रास्ते पर चलती है। जिस तरह का रोमांस फिल्म के ट्रेलर में दिखाया गया है उससे लोगों को रणबीर-दीपिका की ये जवानी है दीवानी याद आ रही है।

रणबीर-दीपिका भी ये बात मान रहे हैं

फिल्म के दोनों मुख्य सितारे भी इस बात को स्वीकार रहे हैं कि उनकी फिल्म पर ये जवानी है दीवानी और थ्री इडियट्स का असर है। दीपिका ने मीडिया साक्षात्कारों में कहा है कि ये जवानी है दीवानी की कहानी अलग थी, पर जो सुर उस फिल्म में था वही सुर तमाशा में है।

वहां कहानी का फोकस दो किरदारों के विपरीत स्वभावों पर था। तमाशा में फोकस वह है जो आज के यूथ के साथ हो रहा है। दूसरी तरफ रणबीर कपूर ने भी स्वीकार किया है कि थ्री इडियट्स भी यह दिखाया गया था कि अपने लिए जीयो।

उसी फॉरमेट पर तमाशा है। लेकिन हम तमाशा में दिखा रह हैं कि इंसान की जिंदगी में कभी-कभी उसे सिर्फ प्रोत्साहन या एक इंसान की जरूरत होती है। जो उस याद दिलाए की वह कौन है। उसका सपना क्या है। तमाशा में यह काम तारा वेद के लिए करती है।
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रणबीर-कैटरीना का साहनी कनेक्शन

तमाशा अपने लुक में ये जवानी है दीवानी दिख रही है और इसका केंद्रीय आइडिया थ्री इडियट्स से प्रेरित होने की चर्चा है। आमिर खान ने उस फिल्म में दोस्तों को अपनी मर्जी से जिंदगी में आगे बढ़ने की जो प्रेरणा दी थी, वही काम तमाशा में रणबीर के लिए दीपिका कर रही हैं। अब सवाल वही जो तमाशा के पोस्टर पर लिखा है, हमेशा ही एक समान कहानी क्यों? जवाब बॉक्स ऑफिस पर मिलेगा।

तमाशा में रणबीर कपूर आपको शिमला की एक इनफॉरमेशन टेक्नोलॉजी यूनिवर्सिटी के इंजीनियरिंग छात्र के रूप में नजर आएंगे। जिसमें छात्रा के रूप में आईडेंटीटी कार्ड पर उनका नाम होगा, वेद साहनी। एक रोचक तथ्य यह है कि कैटरीना कैफ भी अपनी पिछले साल आई फिल्म बैंग बैंग में शिमला की रहने वाली युवती बनी थीं और उनका नाम हरलीन साहनी था। अब लिव-इन पार्टनर रणबीर-कैटरीना का फिल्मों में एक ही साहनी सरनेम केवल संयोग है या फिर सोचा-समझा आइडिया, इस पर अटकलें लग रही हैं।
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