‘दंगल’ और ‘छिछोरे’ जैसी फिल्में बनाने वाले निर्देशक नितेश तिवारी इन दिनों अपनी मच अवेटेड आगामी फिल्म ‘रामायण’ को लेकर चर्चाओं में हैं। रणबीर कपूर और यश स्टारर यह फिल्म इस साल दिवाली पर रिलीज होनी है। इससे पहले बीते दिन नितेश तिवारी के जन्मदिन पर ‘रामायण’ के निर्माता नमित मल्होत्रा ने एक वीडियो शेयर किया है, जिसमें नितेश तिवारी फिल्म के बारे में बात कर रहे हैं। वह इसे भयभीत करने वाला, चुनौतीपूर्ण और प्रेरणादायक बताते हैं।
‘रामायण’ का सफर शानदार रहा
नमित मल्होत्रा ने एक वीडियो नितेश तिवारी को जन्मदिन की शुभकामनाएं देते हुए अपने इंस्टाग्राम पर साझा किया है। इस वीडियो में रणबीर कपूर और नितेश तिवारी बात कर रहे हैं। रणबीर निर्देशक से पूछते हैं कि नितेश सर एक निर्देशक के तौर पर जब आपने इस दुनिया की कल्पना की, जब नमित ने आपको रामायण का निर्देशन करने का प्रस्ताव दिया, तो आपका क्या मानना था?
इस पर जवाब देते हुए नितेश तिवारी कहते हैं, ‘डरावना, चुनौतीपूर्ण और प्रेरणादायक, सब कुछ एक साथ। डरावना इसलिए क्योंकि, आप जानते हैं, रामायण जैसी महान कहानी सुनाना एक बड़ी नैतिक जिम्मेदारी है। आपको इसे यथासंभव सही तरीके से सुनाना होता है। प्रेरणादायक इसलिए क्योंकि मुझे जिस तरह की दुनिया दिखाई गई, वह बेहद अद्भुत थी।
मेरे मन में कभी कोई संदेह नहीं था कि हम इसे हासिल नहीं कर पाएंगे। रामायण जैसी एक शानदार कहानी थी और नमित मल्होत्रा और डेन जैसे नामों का साथ और समर्थन मिलने पर, आप इसे दोनों हाथों से थाम लेते। इस तरह यह सफर शुरू हुआ। मुझे लगता है यह लगभग छह साल पहले की बात है। मैं कह सकता हूं कि यह एक शानदार सफर रहा है। मुझे नहीं लगता कि मैं इससे बेहतर फैसला ले सकता था।’
आपसे बहुत कुछ सीखने को मिला
वीडियो पोस्ट करते हुए नमित ने नितेश को जन्मदिन की शुभकामनाएं दीं और कहा कि उनके लंबे सफर को शब्दों में बयां करना मुश्किल है। उन्होंने लिखा, ‘नितेश सर, जैसा कि सब आपको बुलाते हैं। आपको जन्मदिन की बहुत-बहुत शुभकामनाएं और आने वाला साल आपके लिए हर तरह से बेहतरीन हो।
हमने एक ऐसा सफर तय किया है जिसे शब्दों में बयान करना मुश्किल है। आपके साथ इतने करीब से काम करना मेरे जीवन के सबसे बेहतरीन अनुभवों में से एक रहा है। आपसे बहुत कुछ सीखने को मिला और यह देखकर बहुत अच्छा लगा कि आप हर किसी और हर चीज को कितनी स्पष्टता और शांति से संभालते हैं।
किसी भी सब्जेक्ट की आपकी समझ, कहानी कहने की आपकी सहजता और उसे जीवंत बनाने का आपका तरीका कमाल का है। आपके नजरिये की मैं वास्तव में सराहना करता हूं। हमारे देश की इस महानतम कहानी को पॉजिटिव एनर्जी और उत्साह के साथ दुनिया के लोगों तक पहुंचाने के लिए आपको ढेर सारी शक्ति मिले।’