एक तरफ जहां बॉलीवुड के फिल्मकार श्याम बेनेगल, सुधीर मिश्रा, नीरज घैवान सहित कई लोग प्रकाश झा की फिल्म 'लिपस्टिक अंडर माई बुर्का' को प्रमाणपत्र देने से इनकार करने के सेंसर बोर्ड के फैसले की कड़ी आलोचना करने में लगे हुए हैं वहीं बोर्ड के चीफ पहलाज निहलानी अपनी सफाई देने में जुटे हुए हैं।
उन्होंने कहा है, 'मुझे हटा दो फर्क नहीं पड़ता, लेकिन मैं ईमानदारी से अपना काम करता रहूंगा।' हिंदुस्तान की परंपरा को आगे रखकर फिल्म बनाएं। फेस्टिवल में फिल्म दिखाने पर ताली बजती है पर थिएटर में ऐसी फिल्में देखने पब्लिक नहीं आती।'