एक दौर था जब करन शाहरुख खान के बिना किसी फिल्म की परिकल्पना भी नहीं करते थे, क्योंकि शाहरुख खान की प्रेरणा की वजह से ही करन निर्देशक बने। स्थितियां अब बदल गई हैं। करन अपनी फिल्मों में शाहरुख खान से अधिक तवज्जो अन्य कलाकारों को दे रहे हैं।
एक निर्देशक के रूप में करन जौहर ने अब तक पांच फिल्में की हैं। इन पांच फिल्मों में चार फिल्मों के नायक शाहरुख खान ही रहे हैं। करन निर्देशित आखिरी फिल्म 'स्टूडेंट्स ऑफ द ईयर' पहली ऐसी फिल्म थी जिसमें शाहरुख नहीं थे। आने वाले समय में करन जो फिल्में प्रोड्यूस कर रहे हैँ उसमें शाहरुख नहीं दिख रहे हैं। अपनी अगली फिल्म 'यह जवानी है दीवानी' फिल्म में वह रणबीर कपूर के साथ हैं। दूसरे लीड किरदार के लिए उन्होंने किसी और खान यानी कि सैफ अली खान को ले लिया।
करन के इस निर्णय से बी टाउन में इस बात की चर्चा होने लगी है कि लगता है कि शाहरुख और करन की दोस्ती में दरार आनी शुरू हो गयी है। चूंकि करन भी अब बहुत प्रोफेशनल व्यवहार कर रहे हैं। एक घटना और फिल्मी गलियारों में है। शाहरुख खान की फिल्म 'जब तक है जान' और अजय देवगन की फिल्म 'सन ऑफ सरदार' को लेकर इंडस्ट्री दो भागों में बंट गई थी।
सलमान खान खुलेतौर पर अजय देवगन के साथ थे। उस शह और मात के दौर में करन जौहर अचानक ही 'दबंग टू' की डबिंग पर पहुंच गए थे। उन्होंने वहां सलमान खान के साथ लंबा समय भी बिताया था। अब यह वक्त ही बताएगा कि यह
पुरानी दोस्ती क्या वास्तव में दरक गई है।