नेशनल अवार्ड लौटाने का सिलसिला थम नहीं रहा है। एक और दिग्गज फिल्मकार ने असहिष्णुता मामले पर अवार्ड लौटा दिया है। एएनआई के मुताबिक देश में बढ़ रही असहनशीलता को लेकर फिल्मकार कुंदन शाह ने नेशनल अवार्ड लौटा दिया है। उन्हें उनकी फिल्म 'जाने भी दो यारो' के लिए नेशनल अवार्ड दिया गया था। कुंदन शाह को उनकी फिल्में जाने भी दो यारों के अलावा खामोश, कभी हां कभी ना, दिल है तुम्हारा, द थ्री सिस्टर्स, पी से एम तक और टीवी सिरीज नुक्कड़, परसाई कहते हैं, से जानते हैं।
Filmmaker Kundan Shah to return national award he got for his film 'Jaane Bhi Do Yaaron' citing rising intolerance in the country— ANI (@ANI_news) November 5, 2015
साहित्यकारों के बाद अब अवार्ड लौटाने मामले में फिल्मी दुनिया के लोग सबसे अधिक चर्चा में हैं। असहिष्णुता को लेकर अभिनेता शाहरुख खान के बयान पर भारी हो-हल्ला मचा हुआ है। शाहरुख ने अपने जन्मदिन के मौके पर कहा था कि देश में असहनशीलता बढ़ी है। लोग एक-दूसरे की बात सुनने को तैयार नहीं हैं।
ऐसे में उनसे सम्मान लौटाने को कहा जाएगा तो वह सम्मान लौटा देंगे। लेकिन शाहरुख के इस बयान के बाद राजनेताओं ने उन्हें निशाने पर लिया और उन्हें पाकिस्तानी एजेंट बताया। इसके बाद भाजपा के समर्थक रहे अनुपम खेर, मधुर भंडाकर, कबीर खान जैसे कलाकार भी शाहरुख के समर्थन में उतरे और भाजपा नेताओं की अलोचना की। गौरतलब है कि पुरस्कार लौटाने मामले में कुंदन शाह 11वें फिल्मकार है। अगली स्लाइड में पढ़िए और किन फिल्माकारों ने लौटाए सम्मान।