ऑस्कर को लेकर यह अजीब टिप्पणी एक बड़ी बॉलीवुड के बड़े अभिनेता ने की है। इस पर विवाद भी हो सकता है।
इसी सिलसिले में मीडिया से रूबरू होते हुए उन्होंने क्लिक करें 'डेढ़ इश्क़िया' के अलावा बॉलीवुड और भारतीय सिनेमा पर भी बात की। उन्होंने इस बात पर हैरानी जताई कि कई भारतीय फ़िल्मकार ऑस्कर पुरस्कारों के पीछे भागते हैं।
उन्होंने कहा, "ऑस्कर के प्रति ये चाहत मुझे हास्यास्पद लगती है। क्योंकि मुझे लगता है कि हमें कभी ऑस्कर नहीं मिलेगा। इसलिए इसकी चिंता छोड़कर हमें वैसी ही फ़िल्में बनानी चाहिए जैसी हम बनाते चले आ रहे हैं।"
इसी सिलसिले को आगे बढ़ाते हुए नसीर बोले, "ऑस्कर पुरस्कार भी किसी आम पान मसाला फ़िल्म अवॉर्ड्स की तरह ही पूर्व निर्धारित होते हैं। इनके पीछे भागना बेकार है।"
क्लिक करें नसीरुद्दीन शाह ने बताया कि वो ज़्यादा हिंदी फ़िल्में नहीं देखते लेकिन बीते सालों में उन्हें 'देव डी', 'डेल्ही बैली', 'गैंग्स ऑफ़ वासेपुर' और राजकुमार हीरानी की फ़िल्में पसंद आईं। वो कहते हैं कि इरफ़ान, नवाजुद्दीन सिद्दीक़ी और मनोज बाजपेई जैसे कलाकार बेहद अच्छे हैं।