नाना को कर दिया था रिजेक्ट
हाल ही में एक इंटरव्यू में अमोल पालेकर ने बताया कि उन्होंने अपनी निर्देशित फिल्म ‘थोड़ा सा रूमानी हो जाएं’ के लिए पहले नाना पाटेकर को रिजेक्ट कर दिया। लेकिन बाद में नाना ने ही फिल्म में मुख्य भूमिका निभाई। आखिर यह कैसे मुमकिन हुआ? इस बारे में अमोल पालेकर कहते हैं, ‘मैंने नाना पाटेकर को इसलिए फिल्म में रोल नहीं दिया था क्योंकि फिल्म ‘परिंदा’ के बाद उनकी इमेज पर्दे पर एंग्री यंग मैन जैसी बन चुकी थी। जब मेरी फिल्म में मुख्य किरदार कविताएं करता है, वह बहुत ही कोमल मन का इंसान है। लेकिन नाना पाटेकर नहीं माने। वह बोले कि आप मुझे एक मौका देकर देखिए, मैं आपको साबित कर दूंगा कि यह रोल कर सकता हूं।’
नाना का रोल पाने का गजब किस्सा
अमोल पालेकर आगे कहते हैं, ‘नाना एक हफ्ते तक मेरे घर आते रहे, मेरे साथ रिहर्सल करते रहे। धीरे-धीरे वह मेरी फिल्म के किरदार में ढलते गए। मैंने महसूस किया कि वह मेरी फिल्म के किरदार के लिए बिल्कुल सही है। इस तरह से नाना ने फिल्म ‘थोड़ा सा रूमानी हो जाएं’ में मुख्य किरदार हासिल किया।'
नाना के गुस्से की अलग कहानी कही
नाना पाटेकर बॉलीवुड में अपने गुस्से के लिए मशहूर हैं। वह निर्देशकों से झगड़ा भी कर लेते हैं। नाना पाटेकर के गुस्से के बारे में अमोल पालेकर अलग ही बात कहते हैं। वह बताते हैं कि नाना बिल्कुल अलग ही इंसान हैं। मेरे साथ जब उन्होंने फिल्म की तो एक बार भी हमारी बहस नहीं हुई।’ अमोल पालेकर ने नाना के अभिनय क्षमता की भी खूब तारीफ की।