'संवाद' के मंच पर अभिनेत्री ऋचा चड्ढा
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लड़कों को कौन बचाएगा?
ऋचा चड्ढा महिलाओं के मुद्दों पर बेबाकी से अपनी राय रखती हैं। संवाद कार्यक्रम में वे महिला सुरक्षा को लेकर बात करती दिखीं। इसी दौरान एक महिला ने उनसे लड़कों की सुरक्षा को लेकर सवाल पूछा। महिला ने अभिनेत्री से कहा कि लड़कियों को तो आगे बढ़ाया जा रहा है लेकिन क्या लड़कों को गड्ढे में डाल दें? इस सवाल पर ऋचा थोड़ी हिचकिचाईं। महिला ने ऋचा से कहा 'यहां पर लड़कियों को बचाने की बात हो रही है लेकिन मैं पूछना चाहती हूं कि लड़कों को कौन बचाएगा? बेटियां तो बहुत पढ़ा लीं, आगे बढ़ा लीं। मगर बेटों का क्या करें? क्या उन्हें गड्ढे में डाल दे? हर बार गलती लड़के की तो नहीं होती ना।'
महिला बोलीं- 'बेटा शादी नहीं करना चाहता'
इस पर ऋचा ने महिला से पूछा 'आपको बेटे को किससे बचाना है?' तब महिला ने कहा 'मुझे मुस्कान रस्तोगी और सोनम जैसी महिलाओं से अपने बेटे को बचाना है। वही मुस्कान, जिसने अपने पति को काट कर नीले ड्रम में डाल दिया था। इस डर से मेरा बेटा आज शादी नहीं करना चाहता है।' इस पर ऋचा ने उन्हें जवाब दिया 'आप देखिए कि एक महिला ने क्राइम किया तो इन्हें नाम, केस पता सब याद है। इसकी क्या वजह है? इसकी वजह यह है कि एक आदमी हर रोज ऐसा करता है। महिलाएं कभी-कभी।'
92 हजार पुरुष करते हैं आत्महत्या
इस पर महिला जवाब देती है 'ये बात नहीं है। एनसीआरबी का डेटा कहता है कि एक साल में 92 हजार पुरुष आत्महत्या करते हैं। मैं चाहती हूं कि इस पर आप एक कहानी बनाएं। आप मर्द के दर्द पर कहानी बनाएं।' इस पर ऋचा ने कहा 'मैं चाहती हूं कि मर्द खड़ा होकर यह मान ले कि मर्द को दर्द होता है। उसी दिन मैं कहनी बनाउंगी। मैं ऐसा समाज चाहती हूं, जहां पर हम बराबर हों। जहां मर्द रो सके।'
अमर उजाला संवाद में शामिल हुई महिला
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'समाज में है समानता'
इस पर महिला ने कहा 'संविधान में हमारी पहचान स्त्री-पुरुष की नहीं है। वहां हमारी पहचान 'हम भारत के लोग हैं' से है। बाबा भीमराव अंबेडकर ने हमें समानता दी। मैं चाहती हूं कि आपकी स्टोरी में वह समाज दिखे।' अंत में ऋचा ने महिला को ये विचार शेयर करने के लिए धन्यवाद कहा। उन्होंने यह भी कहा कि अगर इस मुद्दे पर और बात करना चाहती हैं तो वह कर सकती हैं। अब केतन हत्याकांड के बीच ऋचा का यह वीडियो एक बार फिर सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है और इस पर बहस छिड़ी है।