अमीरात के क्रिएटिव मीडिया अथॉरिटी और फिल्म आयोग ने अबू धाबी में फिल्म निर्माताओं को शूटिंग के लिए आकर्षित करने को 50 प्रतिशत कैशबैक देने की घोषणा की है। इंटरनेशनल, रिजनल और लोकल प्रोडक्शन कंपनियों के लिए इन-मार्केट प्रोडक्शन और पोस्ट-प्रोडक्शन लागत पर कैशबैक छूट में 35 प्रतिशत से 50 प्रतिशत की वृद्धि कुछ मानदंडों और पॉइंट बेस्ड सिस्टम के आधार पर मिलेगी।
निवेश बढ़ाने को दी जा रही छूट
नई छूट 1 जनवरी 2025 से सभी प्रोडक्शंस के लिए उपलब्ध होगी। इस छूट के जरिए बढ़ी हुई वित्तीय परियोजना सीमाएं, अबू धाबी में फिल्म और टीवी प्रोडक्शन उद्योग में रणनीतिक निवेश को बढ़ाने और मजबूत करने की बेहतर प्रक्रिया दी जाएगी।
इन शर्तों को पूरा करने वालों को मिलेगी छूट
अक्तूबर महीने में बेसलाइन को बढ़ाकर 30 प्रतिशत से 35 प्रतिशत कर दिया गया था। निर्माता और कंपनियां कैशबैक तभी पा सकेंगी जब वह इन शर्तों को पूरा करती हों, जिसमें पहली शर्त है कि वह अमीरात के अभिनेताओं, निर्देशकों लेखकों और फिल्मों में अन्य रोल के लिए अमीरात की प्रतिभाओं का उपयोग करें। दूसरी शर्त है कि निर्माता अमीराती विरासत, संस्कृति और लोकाचार वाला कंटेंट देते हों।
क्या है नई अंक प्रणाली?
अबु धाबी फिल्म आयोग बदली हुई छूट प्रणाली में नए 35 प्रतिशत बेसलाइन के अलावा एक अतिरिक्त अवसर देगी, जिसमें नए शर्तों को पूरा करने और एडीएफसी की स्वीकृति प्राप्त करने के माध्यम से इन-मार्केट प्रोडक्शन और पोस्ट-प्रोडक्शन लागतों पर अधिकतम 50 प्रतिशत तक छूट प्राप्त की जा सकेगी। यह छूट नए पॉइंट बेस्ड सिस्टम प आधारित होगा, जिसमें 10 से 14 अंक प्राप्त करने वाले प्रोडक्शन को 35 प्रतिशत की बेसलाइन के अलावा 2.5 प्रतिशत की बढ़त मिलती है, जबकि 85 अंक या उससे अधिक अंक प्राप्त करने वाले प्रोडक्शन के लिए बेसलाइन पर 15 प्रतिशत की बढ़त होती है।
निर्माण कंपनियां कैसे प्राप्त करेंगी अंक?
- कंटेंट में यूएई के राष्ट्रीय इतिहास, संस्कृति और पहचान को दिखाते हुए।
- अबू धाबी में पूरी तरह से पोस्ट प्रोडक्शन करते हुए।
- कम से कम एक फीचर फिल्म का अबु धाबी में निर्माण करके।
- और ऐसा कंटेंट तैयार करें, जिसमें लोकल अमीराती टैलेंट का उपयोग हो या अमीरात में एक पूरे टीवी सीरीज का फिल्मांकन हो।
1 जनवरी 2025 से मिल रही छूट
1 जनवरी, 2025 से यह छूट रियलिटी टीवी, गेम शो, शॉर्ट फिल्म और एनिमेशन सहित अन्य प्रोडक्शंस के लिए भी उपलब्ध होगी। यह फॉर्मेट फीचर फिल्मों, टीवी श्रृंखलाओं और कार्यक्रमों तथा टीवी विज्ञापनों को मजबूती देता है।
बदले नियमों और छूट से क्या होंगे फायदे?
बदले नियमों और छूट का उद्देश्य है कि वह हॉलीवुड, बॉलीवुड, अरब और उससे आगे की प्रोडक्शन कंपनियों को एडीएफसी से मिलने वाले फाइनेंशियल हेल्प की सीमा को भी बढ़ाएंगी। आने वाली प्रोडक्शन टीमें परिवहन, रसद और आवास के माध्यम से स्थानीय अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण रूप से योगदान के साथ पर्यटन को भी बढ़ावा देती हैं।
इन फिल्मों की हो चुकी है आबू धाबी में शूटिंग
रिपोर्ट्स के मुताबिक हाल के वर्षों में 170 से ज्यादा प्रोडक्शन कंपनियां अबू धाबी का दौरा कर चुकी हैं। जिनमें ‘वार्नर ब्रदर्स पिक्चर्स’, ‘लीजेंडरी पिक्चर्स’, ‘डिज्नी’, ‘नेटफ्लिक्स’, ‘पैरामाउंट पिक्चर्स’, ‘यशराज फिल्म्स’, ‘टिप्स’, ‘क्लैकेट’, ‘ईगल फिल्म्स’ और ‘यूनिवर्सल पिक्चर्स’ शामिल हैं। वहीं, अबू धाबी में शूट की गई फिल्मों में ‘ड्यून’, ‘ड्यून: पार्ट 2’, ‘एफ1’, ‘मिशन: इम्पॉसिबल - डेड रेकनिंग पार्ट 1’, ‘मिशन: इम्पॉसिबल - फॉलआउट’, ‘स्टार वार्स: द फोर्स अवेकेंस’, ‘6 अंडरग्राउंड’ और ‘फ्यूरियस 7’ के साथ-साथ ‘विक्रम वेधा’, ‘टाइगर जिंदा है’ और ‘भारत’ जैसी बॉलीवुड हिट फिल्में शामिल हैं।