UP Board Result 2020: वैश्वीकरण, आर्थिक उदारीकरण तथा औद्योगिक आवश्यकताओं ने इंजीनियरिंग की विभिन्न ब्रांचों में रोजगार के ढेरों नए अवसर पैदा कर दिए हैं। वह समय बीत गया है, जब लोग इंजीनियरिंग को महज कुछ ही क्षेत्रों तक सीमित मानते थे। आज इसका दायरा कई प्रमुख क्षेत्रों तक फैल चुका है। इसमें से एक है- टेलीकम्युनिकेशन इंजीनियरिंग।
क्यों हैं जरूरत:
- संचार एक ऐसा माध्यम है, जो आम आदमी की हर जरूरत को पूरा करता नजर आ रहा है। जहां बेसिक फोन घर की चार दीवारी में उपभोकताओं की जरूरतों को पूरा करते हैं, वहीं मोबाइल (सेल्यूलर) फोन हर कदम पर हमारा साथी बनकर उभरा है। गौरतलब है कि भारत में टेलीकम्युनिकशन इंडस्ट्री का दायरा बहुत तेजी बढ़ रहा है। दूरसंचार से नियामक निकाय ट्राई द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार उपभोक्ताओं की कुल संख्या तकरीबन 1170 मिलियन तक पहुंच चुकी थी। इसके चलते भारत टेलीकम्युनिकेशन का विश्व में दूसरा सबसे बड़ा बाजार बन चुका है। इसी से इस बात का अंदाजा लगाया जा सकता है कि इस क्षेत्र में कितने अवसर हैं।
क्या है जरूरी योग्यता:
- देश में टेलीकम्युनिकेशन इंडस्ट्री की डिमांड को देखते हुए इसमें स्नातक, स्नातकोत्तर, डिप्लोमा, पीजी डिप्लोमा स्तर के कोर्स चलन में हैं। इनके जरिये नेटवर्क सिस्टम की डिजाइनिंग, इंस्टॉलिंग, टेस्टिंग, रिपेयरिंग आदि कौशल से रूबरू हुआ जा सकता है। सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट, टेलीकॉम मार्केटिंग, नेटवर्क मैनेजमेंट, नेटवर्क सिक्योरिटी संबंधी जानकारी भी कोर्स के दौरान प्रदान की जाती है। टेलीकम्युनिकेशन क्षेत्र में चार वर्षीय (बीई/बीटेक) कोर्स में प्रवेश पाने के लिए छात्र को 12वीं परीक्षा पीसीएम समूह से उत्तीर्ण होना आवश्यक है, जबकि दो वर्षीय पोस्ट ग्रेजुएट कोर्स के लिए उसी स्ट्रीम में बीई/बीटेक की डिग्री आवश्यक है। डिप्लोमा अथवा पीजी डिप्लोमा के लिए भी छात्र का स्नातक होना आवश्यक है।
कैसे करें कोर्स:
- यह क्षेत्र पूरी तरह से तकनीकी क्षेत्र है, इसलिए छात्रों को अपने अंदर तकनीकी गुण विकसित करना आवश्यक है। इसके साथ ही कम्युनिकेशन स्किल्स, टीम वर्क, कंप्यूटर हार्डवेयर तथा सॉफ्टवेयर की जानकारी, टेक्निकल राइटिंग जैसे गुण प्रोफेशनल्स की मदद करते हैं।
टेलीकम्युनिकेशन से जुड़े कुछ प्रमुख कोर्स:
- बीई / बीटेक
- एमई / एमटेक
- एमबीए
- डिप्लोमा इन इलेक्ट्रॉनिक्स एंड टेलीकम्युनिकेशन इंजीनियरिंग
महत्वपूर्ण संस्थान:
- डॉ. बाबा साहेब अंबेडकर टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी, बंगलूरू
- बीएमएस कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग, बंगलूरू
- भारती विद्यापीठ कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग, नई दिल्ली
- असम इंजीनियरिंग कॉलेज, गुवाहाटी
- आर्मी इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, पुणे
- एसएनडीटी वुमन्स यूनिवर्सिटी, मुंबई