OSSC JE Paper Leak: उड़ीसा उच्च न्यायालय ने शनिवार को ओडिशा कर्मचारी चयन आयोग (OSSC) जेई (सिविल) मुख्य लिखित परीक्षा में कथित प्रश्नपत्र लीक की सीआईडी जांच का आदेश दिया है। शनिवार को कई याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति एके महापात्र की पीठ ने कहा कि जूनियर इंजीनियर (सिविल) की भर्ती के लिए परीक्षा में शामिल होने वाले उम्मीदवार राज्य के बाहर से संचालित एक रैकेट के शिकार थे।
ओएसएससी ने विभिन्न विभागों में जूनियर इंजीनियर (सिविल) के 1,008 पदों को भरने के लिए लिखित परीक्षा 16 जुलाई को आयोजित की थी। पुलिस द्वारा प्रश्नपत्र लीक होने की पुष्टि होने के बाद आयोग ने मुख्य परीक्षा रद्द कर दी थी. ओएसएससी ने घोषणा की कि 3 सितंबर को एक नई परीक्षा आयोजित की जाएगी।
अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए राज्य पुलिस की अपराध शाखा की सीआईडी से इसकी जांच करने को कहा। पुलिस के मुताबिक मामले में 25 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया है। मामले की जांच सहदेवखूंटा थाने के अधिकारी कर रहे थे. HC ने आदेश दिया कि जांच DIG रैंक या उससे ऊपर के अधिकारी द्वारा की जानी चाहिए। अदालत ने उन अभ्यर्थियों को भी अगली परीक्षा में बैठने की अनुमति दे दी, जिन्हें ओएसएससी ने परीक्षा लिखने से रोक दिया था। हालांकि, उनके परीक्षा परिणाम मामले के नतीजे पर निर्भर करेंगे।
इससे पहले बालासोर पुलिस ने मामले के मास्टरमाइंड समेत 17 लोगों को बिहार से गिरफ्तार किया था. पेपर लीक करने वाला गिरोह प्रिंटिंग प्रेस में काम करने वाले कुछ निचले अधिकारियों को बुलाता था और उन्हें संबंधित परीक्षाओं के लिए भेजे जाने से पहले प्रश्न पत्र देने के लिए पैसे का लालच देता था।