एसओएल में इस बार दाखिला प्रक्रिया जून में शुरू की गई थी। करीब साढ़े पांच महीने से अधिक समय चली दाखिला प्रक्रिया के दौरान इस बार बीते साल जैसा रिस्पांस नहीं मिला।
कैंपस ऑफ ओपन लर्निंग की निदेशक प्रो पायल मागो ने बताया कि 15 नवंबर आधी रात तक स्नातक कोर्सेज में 1,39,046 पंजीकरण हुए और इनमें से 1,0,6979 ने फीस का भुगतान कर दाखिला पक्का कर लिया, जबकि अभी फीस जमा कराने के लिए तीन दिन का समय दिया गया है, इसके लिए छात्रों को फीस लिंक भेज गया है। इस कारण से दाखिला लेने वालों की संख्या में मामूली बढ़ोतरी हो सकती है।
बीए प्रोग्राम में सबसे ज्यादा दाखिले
एसओएल के स्नातक स्तर के 11 कोर्सेज में बीए प्रोग्राम में ही सर्वाधिक दाखिले हुए हैं। बीए प्रोग्राम राजनीति विज्ञान छात्रों का पसंदीदा प्रोग्राम बना है। इसमें 22 हजार से अधिक दाखिले हुए हैं। दूसरे नंबर पर बीकॉम रहा है, जिसमें 18,271 दाखिले हुए हैं। टॉप पांच में तीसरे नंबर पर बीए ऑनर्स राजनीति विज्ञान रहा है, इसमें 14,414 दाखिले हुए हैं।
सबसे कम 72 दाखिले बीए प्रोग्राम संस्कृत में हुए हैं। एमबीए में 3,320 दाखिले हुए। बैचलर ऑफ लाइब्रेरी साइंस में 1,924 पंजीकरण में से 684, मास्टर ऑफ लाइब्रेरी साइंस में 3,131 पंजीकरण में से 486 दाखिले हो गए हैं, जबकि पांच स्नातकोत्तर प्रोग्राम में कुल 2,329 दाखिले हुए हैं। स्नातकोत्तर में सर्वाधिक 784 दाखिले एमकॉम और 618 दाखिले एमए राजनीति विज्ञान में हुए हैं।