नाबालिग आरोपी पर होगी संवेदनशील जांच
बल्लारी रेंज के पुलिस महानिरीक्षक (IGP) पी एस हर्षा ने बताया, "शनिवार रात नौ छात्र एक सामाजिक विज्ञान शिक्षक (जो छात्रावास वार्डन भी हैं) की देखरेख में थे। छात्र (आरोपी) ने गुस्से में आकर सभी पर अंधाधुंध हमला कर दिया... दुर्भाग्य से, एक छात्र की मौत हो गई और सात अन्य का इलाज चल रहा है।"
यहां पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने बताया कि शिक्षक का बयान दर्ज कर लिया गया है और प्रारंभिक जांच की जा चुकी है। साथ ही, घटनास्थल का मुआयना करने वाले अधिकारी (एसओसीओ) और फोरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला (FSL) की टीमें घटनास्थल का दौरा कर चुकी हैं।
"कानून के तहत इस मामले को नाबालिग से जुड़े मामले के रूप में देखा जाएगा, जो कानून के साथ संघर्ष कर रहा है। इसलिए, आरोपी को उपलब्ध सुरक्षा उपायों को ध्यान में रखते हुए, किशोर न्याय अधिनियम के तहत संवेदनशीलता से जांच की जानी चाहिए। अधिक जानकारी साझा नहीं की जा सकती।"
छात्रावास में हमले के बाद पुलिस जांच जारी
सूत्रों के अनुसार, वार्डन को भी बीच-बचाव करने के प्रयास में चोटें आई हैं। उन्होंने आगे कहा, "मृत लड़के के माता-पिता के बयान भी दर्ज किए जाएंगे। विस्तृत जांच की जाएगी और संबंधित अदालतों को रिपोर्ट सौंपी जाएगी।"
बताया जा रहा है कि छात्र रात के खाने के बाद छात्रावास में सो रहे थे, तभी आरोपी लड़के ने लोहे की रॉड और किसी धारदार वस्तु से अपने साथियों पर हमला कर दिया।
सूत्रों को संदेह है कि किसी मामूली विवाद के कारण यह घटना हुई होगी। हमले में गंभीर रूप से घायल छात्र की अस्पताल ले जाते समय मौत हो गई। ब्रूसपेट पुलिस स्टेशन ने मामला दर्ज कर लिया है और जांच जारी है।