मलय ने बताया कि जेईई एडवांस्ड में सक्सेस के लिए मैंने कोचिंग फैकल्टीज की गाइडेंस के अनुसार ही तैयारी की थी। फिजिक्स और मैथ्स में थ्योरी क्लीयर करने के साथ ही प्रैक्टिस पर ज्यादा जोर दिया, जबकि कैमेस्ट्री में एनसीईआरटी सिलेबस पर पूरा फोकस करते हुए तैयारी की। सवालों की प्रैटिक्स बार-बार करता था। इससे कॉन्फिडेंस मजबूत हुआ।
कोचिंग की ओर से मिलने वाले मॉड्यूल्स और स्टडी मैटेरियल परफेक्ट होते हैं। मेरी सक्सेस में माता-पिता के साथ कोचिंग की फैकल्टीज और मेंटोर्स का पूरा सहयोग है। ये समय-समय पर मुझे मोटिवेट करते रहते थे। जेईई की तैयारी कोटा से करने का निर्णय मेरे लिए अच्छा था। वीकली टेस्ट से परफॉर्मेन्स में सुधार आता गया और नियमित डाउट सॉल्विंग होने से टॉपिक्स पर पकड़ मजबूत होती चली गई। बीटेक के बाद फिजिक्स में रिसर्च करना चाहता हूं। परिवार मूलतः उत्तरप्रदेश के शहर गाजियाबाद से है।
मलय केड़िया ने जेईई मेन जनवरी 2023 सेशन की परीक्षा में 99.99 परसेन्टाइल स्कोर किए थे और फाइनल रिजल्ट में 300 में से 300 परफेक्ट स्कोर हासिल कर ऑल इंडिया रैंक 4 हासिल की थी। इसके अलावा 10वीं कक्षा 99 प्रतिशत अंकों से उत्तीर्ण की थी। एनटीएसई स्कॉलर होने के साथ ही केवीपीवाय एसए स्ट्रीम में ऑल इंडिया रैंक 6 प्राप्त कर चुके मलय ने एस्ट्रोनॉमी ओलंपियाड में सिल्वर मेडल हासिल किया था।
इसके अलावा हाल ही में आईसीएचओ के ओसीएससी कैंप में सफल होने के बाद अब 16 से 15 जुलाई तक स्विट्जरलैंड में आयोजित होने वाले आईसीएचओ में भारत का प्रतिनिधित्व करने जा रहा है। मलय का चयन हैरी मेसल इंटरनेशनल स्कूल की ओर से आस्ट्रेलिया की राजधानी सिडनी में आयोजित होने जा रहे इंटरनेशनल साइंस स्कूल के लिए भी हुआ है।