5 जुलाई तक कर सकेंगे आवेदन
यह कोर्स भारतीय विज्ञान संस्थान (आईआईएससी), भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी), राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) तथा भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईआईटी) जैसे राष्ट्रीय महत्व के संस्थानों के माध्यम से संचालित किए जाएंगे। यह कार्यक्रम एआईसीटीई से मान्यता प्राप्त डिग्री व डिप्लोमा कॉलेजों के पूर्णकालिक नियमित या स्थायी शिक्षकों के लिए है। इच्छुक शिक्षक 5 जुलाई तक ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे।
इन क्षेत्रों में शिक्षक होंगे अपग्रेड
एआईसीटीई की सदस्य सचिव प्रो श्यामा रथ ने कहा, अब आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस, डाटा साइंस, मशीन लर्निंग, डाटा एनालिटिक्स, साइबर फिजिकल सिस्टम्स, इंटरनेट ऑफ थिंग्स और ड्रोन प्रौद्योगिकी, इंटेलिजेंट ट्रांसपोर्ट सिस्टम्स, रोबोटिक्स तथा थ्री-डी प्रिंटिंग एवं एडिटिव मैन्युफैक्चरिंग समेत नई प्रौद्योगिकी पाठयक्रम में शामिल हो चुकी है। वैश्विक मांग के आधार पर छात्रों को रोजगार से जोड़ने के लिए शिक्षकों को भी अपग्रेड होना होगा।