एआई की शिक्षा पर रहेगा फोकस
वित्त मंत्री ने बताया कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता की शिक्षा के लिए उत्कृष्ट संस्थान की संस्थापना की जाएगी। मेडिकल कॉलेजों में 10 हजार अतिरिक्त सीटें बढ़ाई जाएंगी। सभी जिला अस्पतालों में डे केयर केंसर सेंटर बनाए जाएंगे। 2025-26 में ऐसे 200 सेंटर बनाए जाएंगे।

ऑनलाइन प्लेटफॉर्म वर्कर्स के लिए भी योजना
सरकार उनके परिचय पत्र बनाने में मदद करेगी और उन्हें ई-श्रम कार्ड मुहैया कराएगी। इससे 1 करोड़ Gig वर्कर्स को फायदा मिलेगा।
भारतीय भाषा पुस्तक स्कीम
स्कूलों और उच्च शिक्षण संस्थानों के लिए डिजिटल किताबें उपलब्ध कराई जाएंगी। शिक्षा क्षेत्र के लिए निर्मला सीतारमण ने आईआईटी के विस्तार की योजना की घोषणा की है। इस संबंध में 5 आईआईटी के लिए अतिरिक्त बुनियादी ढांचा और 6,500 नई सीटें जोड़ी जाएंगी। वित्त मंत्री ने कहा कि आईआईटी पटना छात्रावास और बुनियादी ढांचा क्षमता बढ़ाएगा।
बिहार में खुलेगा नया संस्थान
बिहार में राष्ट्रीय फूड टेक्नोलॉजी संस्थान शुरू किया जाएगा। इससे पूरे पूर्वी क्षेत्र में खाद्य प्रसंस्करण क्षमताएं मजबूत करने में मदद मिलेगी।
अटल टिंकरिंग लैब
सरकारी स्कूलों में नवाचार को बढ़ाने के लिए ऐसी 50 हजार लैब स्थापित किए जाएंगे। भारतीय भाषा पुस्तक योजना शुरू की जाएगी ताकि भारतीय भाषाओं में शिक्षण को बढ़ावा दिया जा सके।
वित्त मंत्री ने बताया कि स्किलिंग के लिए पांच राष्ट्रीय उत्कृष्ट संस्थानों का स्थापना की जाएगी। यह मेक फॉर इंडिया, मेक फॉर द वर्ल्ड के उद्देश्य के तहत किया जाएगा।
आईआईटी, आईआईएससी के लिए 10,000 पीएम रिसर्च छात्रवृत्ति
निर्मला सीतारमण ने बताया कि केंद्र सरकार बढ़ी हुई वित्तीय सहायता के साथ आईआईटी और आईआईएससी बैंगलोर के छात्रों के लिए 10,000 पीएम रिसर्च फेलोशिप प्रदान करेगी। वैश्विक विशेषज्ञता के साथ कौशल विकास के लिए पांच राष्ट्रीय उत्कृष्टता केंद्र स्थापित किए जाएंगे।
नौकरीपेशा लोगों के लिए 12 लाख तक आय करमुक्त कर दी गई है। 12 लाख रुपये तक की आय पर कोई कर नहीं लगाया जाएगा।
विशेषज्ञों ने दी अपनी राय
बिरला इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट टेक्नोलॉजी (BIMTECH) ग्रेटर नोएडा के निदेशक डॉ. प्रबिना राजीब ने कहा कि केंद्रीय बजट 2025 छह प्रमुख क्षेत्रों में परिवर्तनकारी सुधारों को आगे बढ़ाने का लक्ष्य रखता है, जिससे विकसित भारत की परिकल्पना साकार हो सके। यह बजट अटल इनक्यूबेशन सेंटर (AIC BIMTECH) के मिशन के अनुरूप है, जो भारत के स्टार्टअप इकोसिस्टम को विकसित करने के लिए अभूतपूर्व समर्थन और संसाधन प्रदान कर रहा है। यह नवाचार को बढ़ावा देने, आर्थिक विकास को गति देने और सतत, समृद्ध स्टार्टअप समुदाय बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
आईआईएचएमआर यूनिवर्सिटी के प्रेसिडेंट डॉ. पी. आर. सोडानी ने कहा कि कौशल विकास को बढ़ावा देने के लिए पांच राष्ट्रीय संस्थानों की स्थापना के साथ, केंद्रीय बजट युवाओं की रोजगार संभावनाओं को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। भारत के स्वास्थ्य प्रबंधन क्षेत्र के एक प्रमुख संस्थान के रूप में, हमारा मानना है कि शिक्षा में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के लिए उत्कृष्टता केंद्र की घोषणा, स्वास्थ्य प्रबंधन से जुड़े पेशेवरों को वैश्विक मानकों के अनुरूप तैयार करने में मदद करेगी। यह पहल कौशल-आधारित शिक्षा, डिजिटल लर्निंग, माइक्रो-क्रेडेंशियलिंग और अंतरराष्ट्रीय सहयोग की बढ़ती जरूरतों को पूरा करने में अहम भूमिका निभाएगी।
आइए जानते हैं कि पिछले 10 वर्षों में शिक्षा और रोजगार के क्षेत्र को बजट में क्या-क्या मिला...