डीओटी और डीआरडीओ सचिव समेत ये होंगे गवर्निंग बॉडी में शामिल
दस्तावेज में कहा गया है कि INMS के शासी निकाय के सदस्यों में विज्ञान और प्रौद्योगिकी विभाग (DOT) के सचिव, DRDO सचिव, केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय के सचिव, के साथ ही स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय के सचिव सहित अन्य विशेषज्ञ और उच्चाधिकारी शामिल होंगे। इसमें नैनोमेडिसिन के क्षेत्र के अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञ भी शामिल होंगे। गवर्निंग बॉडी का काम आईएनएमएस को विशेष शोध के मामलों में सलाह देने के लिए एक अंतरराष्ट्रीय सलाहकार बोर्ड का गठन करना होगा और इसके सदस्य वे हो सकते हैं जो अपने क्षेत्र में नेतृत्वकर्ता हैं और एक या दो नोबेल पुरस्कार विजेताओं सहित जो पहले से डीयू से जुड़े नहीं हैं।
शोध सलाहकार परिषद भी गठित होगी
संस्था संस्थान के लिए एक शोध सलाहकार परिषद भी गठित करेगी जो अनुसंधान में सहयोग करने और परियोजनाओं के लिए धन प्राप्त करने में मदद करेगी। इसके सदस्य रॉकफेलर फाउंडेशन, बिल एंड मेलिंडा गेट्स फाउंडेशन और टाटा फाउंडेशन आदि जैसे संगठनों से जुड़े हो सकते हैं, जो पहले से डीयू से जुड़े नहीं हो। दस्तावेज में कहा गया है कि इसके काम में विजिटिंग प्रोफेसरों या फेलो, सहायक प्रोफेसरों या फेलो, प्रतिष्ठित प्रोफेसरों, मानद प्रोफेसरों, प्रोफेसर एमेरिटस और संबद्ध संकाय की नियुक्ति भी शामिल होगी।
प्रतिष्ठित विशेषज्ञों को किया जाएगा नियुक्त
निदेशक/ गवर्निंग बॉडी द्वारा राष्ट्रीय प्रयोगशालाओं और उद्योगों में काम करने वाले व्यक्तियों, वरिष्ठ वैज्ञानिकों और दुनिया भर में अपने क्षेत्रों में अग्रणी को अतिथि संकाय / साथी आदि के रूप में नियुक्त किया जा सकता है। नैनोमेडिसिन और नैनो प्रौद्योगिकी और संबद्ध क्षेत्रों के प्रतिष्ठित विशेषज्ञों को प्रोफेसर और लाइफटाइम के लिए प्रोफेसर एमेरिटस के रूप में नियुक्त किया जा सकता है।