अदालत में दाखिल हुई थी रिट याचिका
अदालत का यह आदेश एक रिट याचिका के बाद आया है, जिसमें 7 दिसंबर, 2024 को जारी सीएलएटी 2025 की अंतिम उत्तर कुंजी को चुनौती दी गई है और याचिकाकर्ता के परिणाम में संशोधन की मांग की गई है।
CLAT 2025: न्यायालय का आदेश
न्यायालय ने प्रश्न संख्या 14 के संबंध में याचिकाकर्ता के दावे को सही ठहराया और निर्देश दिया कि परिणाम को संशोधित किया जाए ताकि अंकन योजना के अनुसार प्रश्न के लिए अंक दिए जा सकें।
चूंकि न्यायालय ने विकल्प 'सी' को सही उत्तर के रूप में पुष्टि की है, इसलिए विशेषज्ञ समिति के दृष्टिकोण के अनुरूप, लाभ केवल याचिकाकर्ता तक ही सीमित नहीं होगा, बल्कि विकल्प 'सी' चुनने वाले सभी उम्मीदवारों को भी मिलेगा।
प्रश्न संख्या 100 के संबंध में, न्यायालय ने प्रश्न को बाहर करने की विशेषज्ञ समिति की सिफारिश को स्वीकार कर लिया, तथा परिणाम को तदनुसार संशोधित किया जाएगा।
आदित्य सिंह ने दर्ज की थी याचिका
यह आदेश 17 वर्षीय अभ्यर्थी आदित्य सिंह (याचिकाकर्ता) द्वारा दायर याचिका पर पारित किया गया, जो CLAT 2025 स्नातक परीक्षा में उपस्थित हुआ था। सिंह ने कंसोर्टियम द्वारा घोषित अंतिम उत्तर-कुंजी को रद्द करने की मांग करते हुए कहा कि कुछ प्रश्नों के उत्तर गलत थे। उन्होंने काउंसलिंग प्रक्रिया पर भी रोक लगाने की मांग की।
याचिकाकर्ता का कहना था कि कंसोर्टियम द्वारा अनंतिम उत्तर कुंजी जारी करने के बाद, उन्होंने कुछ उत्तरों पर आपत्तियां भेजी थीं। हालांकि, याचिका में कहा गया है कि आपत्तियों पर विचार करने के बाद जारी की गई अंतिम उत्तर कुंजी में वही गलतियां दोहराई गईं।
CLAT 2025 Merit List Date: पहली मेरिट सूची में हो सकती है देरी
एनएलयू ने कहा है कि वह अगली कार्रवाई तय करने के लिए कानूनी विशेषज्ञों से सलाह-मशविरा कर रहा है और पहली प्रवेश सूची जारी करने में देरी होगी, जो मूल रूप से 26 दिसंबर के लिए निर्धारित थी।
एनएलयू ने बताया, "हम स्वीकार करते हैं कि यह घटनाक्रम कुछ अनिश्चितता पैदा कर सकता है, और हम आपको आश्वस्त करते हैं कि कंसोर्टियम प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। नतीजतन, एनएलयूएस के लिए पहली प्रवेश सूची जारी करने में देरी होने की संभावना है, जो मूल रूप से 26 दिसंबर के लिए निर्धारित थी।"