झारखंड एकेडमिक काउंसिल (JAC) ने बिना परीक्षा दिए कक्षा 5 से 7 के छात्रों को बढ़ावा देने का फैसला किया है। कोरोना वायरस के संक्रमण से प्रभावित लोगों के बढ़ते मामलों को लेकर सरकारी बड़े-बड़े कदम उठा रही है। ऐसे में झारखंड सरकार ने भी बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एक बड़ी कदम उठाया है।
कोरोना वायरस से लड़ने के लिए पीएम मोदी ने पूरा देश 21 दिनों के लिए लॉकडाउन कर दिया है। ऐसे में अब कोई अपने घरों से बाहर नहीं निकल पाएगा। हालांकि, बोर्ड एक बार कक्षाएं शुरू होने के बाद छात्रों के लिए एक बेंच मार्किंग टेस्ट आयोजित करेगा।
बता दें कि परीक्षाएं 31 मार्च से आयोजित होने वाली थीं। इस बीच, JAC ने अगले आदेश तक कक्षा -8 और कक्षा -9 के परिणाम घोषित करने की तिथि को भी बढ़ा दिया है, जो इस महीने होने वाला था।
कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों को देखकर सरकार ने पहले ही स्कूल, विश्वविद्यालय और सभी संस्थानों को 31 मार्च तक बंद कर दिया गया था।
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उत्तर प्रदेश में हुई घोषणा-
बता दें कि इससे पहले उत्तर प्रदेश में बेसिक शिक्षा विभाग ने कोरोना वायरस के डर के कारण बेसिक शिक्षा विभाग से संबद्ध सभी परिषदीय विद्यालय एवं राजकीय सहायता प्राप्त और निजी विद्यालयों में छुट्टी घोषित कर दी गई है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, विभाग की अपर मुख्य सचिव रेणुका कुमार ने परीक्षाओं को रद्द करते हुए सभी छात्रों को बिना परीक्षा दिए ही अगली कक्षा में प्रोन्नत करने के आदेश जारी किए हैं।