12वीं बोर्ड एग्जाम के बाद सभी छात्रों के दिमाग में एक सवाल सबसे ज्यादा घूमता है कि अब यहां के बाद आगे क्या किया जाए। फिर 12वीं में साइंस, आर्ट्स और कॉमर्स के आधार पर आगे का करियर प्लान किया जाता है। लेकिन सवालों का सिलसिला यहीं खत्म नहीं होता है। इसके बाद असली प्रॉब्लम शुरू होती है। आज उन्हीं कुछ प्रॉब्लम में से एक इंजीनियरिंग में एडमिशन के बारे में हम बात करेंगे।
1. कौन सा ब्रांच मेरे लिए सही होगा...?
ये एक एक ऐसा सवाल है जो इंजीनियर बनने के इच्छुक हर एक छात्र को परेशान करता है क्योंकि ज्यादातर छात्र या तो अपने आस-पड़ोस के लोगों को देख कर अपने ब्रांच को लेकर फैसला करते हैं या फिर किस ब्रांच में अच्छे पैसे कमाने की संभावना है।
लेकिन सच्चाई तो ये है कि कोई भी ब्रांच खराब नहीं होता है। आपका भविष्य सीधे-सीधे आपकी च्वॉइस पर निर्भर करता है। आप जिस ब्रांच से अपनी डिग्री पूरी कर रहे हैं उसमें आप खुद को कितना आगे ले जा सकते हैं ये सब आप पर ही निर्भर करता है।
दूसरी जरूरी बात ये कि एक बार आप किसी खास ब्रांच में एडमिशन ले लेते हैं तो इसके बाद भी आपके पास एक मौका होता है अगर आप चाहें तो दूसरे साल में अपना ब्रांच बदल सकते हैं। ये सुविधा आपको कॉलेज स्तर पर मिलती है। इसमें एक और बात जो ध्यान देने योग्य है वो ये कि कॉलेज में थोड़ा वक्त बिताने के बाद आपको ये बात बेहतर समझ आती है कि वास्तव में आपका इंटरेस्ट किस ब्रांच में ज्यादा है।
इसलिए बेहतर ये है कि कॉलेज में दाखिला लेने से पहले आप ब्रांच के चक्कर में न पड़कर अच्छे से अच्छे कॉलेज में दाखिला लें।
क्या किसी 'अच्छे ब्रांच' के लिए थोड़े कम बेहतर कॉलेज में दाखिला लिया जाना चाहिए?
आईआईटी दिल्ली में छात्रों के साथ फेसबुक CEO
- फोटो : IITD
इस जगह फिर से वही बात दुहराउंगा कि अच्छे ब्रांच से आपका क्या मतलब? हो सकता है जो ब्रांच आपके लिए खराब हो वो किसी और के लिए सपने की तरह हो। ऐसे में सिर्फ ये कोशिश रहनी चाहिए कि अच्छे कॉलेज में दाखिला मिले और हमारा थोड़ा ही सही उस ओर झुकाव हो।
अगर इसकी वजह जाननी हो तो एक नहीं बल्कि कई वजह हैं। एक अच्छे कॉलेज में ही आपको अच्छे प्रोफेसर मिल सकते हैं, एक अच्छा माहौल मिलेगा, अच्छी लाइब्रेरी मिलेगी, अच्छे लैब मिलेंगे।
इसको ऐसे भी समझ सकते हैं कि क्या आप आईआईटी में मिलने वाली सुविधाओं की तुलना किसी प्राइवेट कॉलेज में मिलने वाली सुविधाओं से कर सकते हैं? नहीं कर सकते! अगर इसके बाद आपको कोई उदाहरण भी दे सकता है कि देखो किसी ने मामूली से कॉलेज से पढ़ कर भी इतना बड़ा मुकाम हासिल कर लिया। हो सकता है ऐसा हुआ भी हो कि किसी ने बड़ा मुकाम हासिल किया हो लेकिन क्या पता वो अगर और भी किसी अच्छे कॉलेज में होता तो उसने और भी कुछ बड़ा किया होता!
एक और बात जो आपको इग्नोर नहीं करनी चाहिए...
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : Source
वो ये कि हो सकता है कुछ सालों बाद आपके ब्रांच का जिक्र न हो। सब कुछ उन सालों के दौरान आपके किए काम के ऊपर निर्भर करता है लेकिन आपके कॉलेज के नाम का प्रभाव रहेगा ही रहेगा।
मैं व्यक्तिगत स्तर पर ऐसे एक नहीं कईयों लोगों को जानता हूं जिन्होंने अलग-अलग ब्रांच से पढ़ाई कि और बाद में कुछ और ही काम कर रहे होते हैं। कोई राईटर हो गया, कोई मुंबई में कास्टिंग डायरेक्टर के साथ काम कर रहा है और नहीं कुछ तो एमबीए तो कम से कम लोग कर ही ले रहे हैं।
करियर से जुड़े आपके कोई सवाल हों तो आप हमें कमेंट बॉक्स में लिख सकते हैं। आपकी हर संभव मदद की जाएगी।