माध्यमिक शिक्षा परिषद (यूपी बोर्ड) की नवगठित बोर्ड की मंगलवार को हुई बैठक में बोर्ड की गतिविधियों के संचालन के लिए पांच उप समितियों का गठन करने के साथ नौवीं से बारहवीं कक्षा के लिए सूचना प्रौद्योगिकी शिक्षा की पढ़ाई कराने का फैसला किया गया। सूचना प्रौद्योगिकी को अनिवार्य नहीं बल्कि वैकल्पिक विषय के तौर पर रखा जाएगा। पहली बैठक की अध्यक्षता माध्यमिक शिक्षा परिषद के सभापति एवं निदेशक माध्यमिक शिक्षा अवध नरेश शर्मा ने की। बैठक में महिलाओं की शिक्षा के उन्नयन के लिए महिला समिति के गठन का भी फैसला किया गया।
यूपी बोर्ड मुख्यालय में हुई बैठक में स्कूलों की मान्यता समिति, बोर्ड परीक्षा के संचालन के लिए परीक्षा समिति, परीक्षा परिणाम की घोषणा करने केलिए परीक्षाफल समिति, यूपी बोर्ड के स्कूलों में चलने वाली पुस्तकों के निर्धारण के लिए पाठ्यचर्या समिति एवं वित्तीय लेन-देन की निगरानी के लिए वित्त समिति का गठन किया गया।
बोर्ड की ओर से महिला शिक्षा के उन्नयन के लिए महिला शिक्षा समिति का गठन भी किया गया है। इसके साथ बैठक में तय हुआ कि नौवीं से बारहवीं तक की कक्षा के लिए सूचना प्रौद्योगिकी शिक्षा की पढ़ाई कराने का फैसला हुआ है। इसको अनिवार्य नहीं बल्कि वैकल्पिक विषय के तौर पर रखा गया है।