तैयारी कब शुरू हुई?
अधिकारियों के अनुसार, प्रोफेसर जे.पी. पांडे के कुलपति पद संभालने के तुरंत बाद मान्यता की तैयारी आरंभ की गई थी। सातों मानकों के लिए अलग-अलग टीमें बनाई गईं, कई चरण में समीक्षा बैठकें आयोजित हुईं। अंततः विश्वविद्यालय ने Self-Assessment Report (SSR) जमा की।
कुलपति प्रो. पांडे ने बताया कि राज्यपाल एवं कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल लगातार तैयारियों पर नजर रखे हुए थीं और मार्गदर्शन भी प्रदान किया। कुलपति ने कहा, "यह सामूहिक प्रयास का परिणाम है कि हमें यह ग्रेड प्राप्त हुआ।"
परिणाम घोषित होने के बाद शिक्षकों, अधिकारियों और कर्मचारियों ने कुलपति प्रो. जे.पी. पांडे को बधाई दी। इसे विश्वविद्यालय ने अपनी ऐतिहासिक सफलता कहा।
A+ ग्रेड से क्या होगा फायदा?
विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, नैक A+ ग्रेड से एकेटीयू को:
- राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठा में वृद्धि
- ऑनलाइन कोर्स विस्तार में लाभ
- यूजीसी व एआईसीटीई से रिसर्च ग्रांट और परियोजनाओं तक बेहतर पहुंच
- केंद्रीय योजनाओं का लाभ लेने में सहूलियत मिलेगी