मंगोलपुरी थाना पुलिस ने नशे की लत पूरा करने के लिए संजय गांधी अस्पताल में लगाए गए ऑक्सीजन संयंत्र से तांबे के पाइप को चुराने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया है।
पुलिस ने अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज से आरोपी की पहचान की। उसके कब्जे से पुलिस ने 40 किलो तांबे का पाइप बरामद किया है। कोरोना महामारी के दौरान मरीजों के लिए जर्मनी से आयतित 9 करोड़ रुपये के ऑक्सीजन संयंत्र को अस्पताल में लगाया गया था।
जिला पुलिस उपायुक्त परविंदर सिंह ने बताया कि आरोपी की पहचान एक्स ब्लॉक निवासी पवन (24) के रूप में हुई है। आरोपी पर जुआ अधिनियम के तहत दो मामले दर्ज हैं। आरोपी ने पूछताछ में बताया कि उसे शराब पीने का लत है और अपनी लत को पूरा करने के लिए उसने तांबे के पाइप की चोरी की।
पुलिस उपायुक्त ने बताया उक्त ऑक्सीजन संयंत्र को कुछ सप्ताह पहले अस्पताल में स्थापित किया गया है। इसे कथित तौर पर 9 करोड़ रुपये की लागत से जर्मनी से आयात किया गया है। ऑक्सीजन ले जाने वाली पाइपलाइन चोरी हो गई थी, इसलिए यह काम नहीं कर रही थी। अस्पताल की ओर से इसकी सुरक्षा के लिए गार्ड भी नियुक्त किया गया है, लेकिन चोरी के समय वह वहां मौजूद नहीं था। इस संयंत्र से कोविड वार्ड और ऑपरेशन थियेटर में ऑक्सीजन की आपूर्ति की जाती है और पाइपलाइन को ऑक्सीजन प्लांट से जोड़ा गया था।
17 जुलाई को संजय गांधी अस्पताल के उप चिकित्सा अधीक्षक ने मंगोलपुरी थाने में चोरी की शिकायत की। जिसमें बताया कि 15 जुलाई को किसी बदमाश ने संजय गांधी अस्पताल के ऑक्सीजन प्लांट की तांबे के पाइप की चोरी कर ली है। जिसे कोविड वार्ड और ऑपरेशन थियेटर के लिए लगाया गया है। पुलिस ने चोरी का मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
पुलिस ने अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरे को खंगाला। जिसमें एक युवक पाइप चोरी करते हुए देखा गया। बीट सिपाही ने फुटेज के जरिए आरोपी पवन की पहचान कर ली। पुलिस की टीम ने तुरंत उसके घर पर दबिश दी। लेकिन वह घर से गायब था। पुलिस ने उसकी तलाश शुरू की और अस्पताल के पास से ही उसे दबोच लिया। आरोपी पाइप को कबाड़ी के पास बेचने जा रहा था।