नई दिल्ली। अयोध्या में राम मंदिर के शिलान्यास को लेकर दिल्ली की मंदिरों को सजा कर विशेष पूजा-अर्चना की गई। शंखनाद और दीपोत्सव से राजधानी राममय हो गई। मंत्रोच्चार के साथ मंदिर में शाम के वक्त रंग- बिरंगी रोशनी और केसरिया झंडा हवा में लहराता दिखा। छोटे-बड़े सभी मंदिरों में श्रीराम दरबार सजाया गया।
छतरपुर मंदिर में सुबह 6 बजे से ही श्रद्धालु पूजा-अर्चना के लिए जुटने लगे। पंचकुईयां रोड स्थित भगवान वाल्मीकि के मंदिर पहुंचकर लोगों ने आशीर्वाद लिया। मंदिर प्रांगण में ढोलक और नगाड़ों की थाप और भजनों की धुन के बीच विशेष पूजा हुई। करोल बाग स्थित झंडेवाला मंदिर में भी सुबह 5 बजे से ही लोगों का तांता लगा रहा। मंदिर के पूरे परिसर को रंगीन रोशनी वाली लाइट से सजाया गया है। यहां पिछले 24 घंटों से रामायण का पाठ चल रहा है। शाम के वक्त मंदिरों में दीयों जलाने में भी कई भक्त पहुंचे। मुखर्जी नगर स्थित श्री शक्ति मंदिर के राधेश पांडेय पुजारी ने बताया कि रामायण का पाठ किया गया। बिड़ला मंदिर के विनोद मिश्रा ने बताया कि मंदिर ने अपनी मिट्टी अयोध्या भेजी है। ब्रहमपुरी स्थित बालाजी हनुमान मंदिर में पूजन के मूहुर्त पर पांच वेदपाठी ब्राह्मणों ने 32 सेकेंड तक शंखनाद किया। 1100 दीये जलाए गए। पूर्वी दिल्ली के शिव शक्ति मंदिर यमुना विहार में अखंड रामायण का पाठ किया गया। अयोध्या दास जी महाराज अयोध्या मे विराजमान राम के लिए 1100 दीये जलाकर स्वास्तिवाचक पाठ के साथ शंखनाद किया। सभी मंदिरों में बड़ी संख्या में भक्त पहुंचे।
रात में दीपों से जगमग हुई दिल्ली
शाम ढलने के बाद लोगों ने अपने घरों के बाहर दीए जलाकर दीपोत्सव के रूप में राजधानी को जगमग किया। इस कड़ी में कुछ लोगों ने मंदिरों में पहुंचकर भी दीए जलाए। वहीं, कुछ लोगों ने अपने घरों को लाइटों से सजाकर ऐतिहासिक दिन को और भी यादगार बनाया। यही नहीं खुशी को दोगुना करने के लिए युवाओं ने पटाखों के माध्यम से आकाश में रंग भरने का काम किया।
दिनभर चला भंडारे का दौर
राम जन्मभूमि के अवसर पर राजधानी में दिनभर विभिन्न जगहों पर भंडारे का दौर जारी रहा। इसमें समाजसेवी संस्थाओं से लेकर व्यक्तिगत रूप से लोगों ने अपने-अपने इलाकों में खीर, हलवा, पूड़ी व सब्जी आदि का प्रसाद के रूप में वितरण किया। कुछ जगहों पर देर शाम तक प्रसाद ग्रहण करने वालों की भीड़ लगी रही।
घरों से लेकर मंदिरों तक चला रामायण पाठ
ऐतिहासिक दिन को राममय करने के लिए कई लोगों का पूरा दिन पूजा पाठ में गुजरा। यही कारण था कि घरों से लेकर मंदिरों में रामायण पाठ का आयोजन किया गया। इसके अलावा सुबह से लेकर रात तक गली मोहल्लों में राम भजनों के गीत लोगों के मन को लुभाते रहे।
सोशल मीडिया पर भी रहा क्रेज
राम जन्मभूमि के पावन अवसर पर सोशल मीडिया पर भी जमकर क्रेज रहा। फेसबुक, व्हाट्सएप, ट्विटर आदि पर लोगों ने राम जन्मभूमि को लेकर कई पोस्ट साझा की। इसके अलावा संदेश और कॉल के माध्यम से भी एक दूसरे को बधाई देने का दौर जारी रहा।
दिल्ली की आरडब्ल्यूए ने भी निभाई अपनी भागीदारी
राम जन्मभूमि के पावन अवसर पर दिल्ली की विभिन्न आरडब्ल्यूए ने भी उत्सव में भाग लेकर अपनी भागीदारी को निभाया। आरडब्ल्यूए के विभिन्न पदाधिकारियों ने अपनी कॉलोनियों में प्रसाद आदि का वितरण कर लोगों को शारीरिक दूरी का पालन करते हुए पर्व को मनाने के लिए जागरूक किया। इस कड़ी में नई दिल्ली आरडब्ल्यूए फेडरेशन के अध्यक्ष प्रीतम धारीवाल ने कहा कि यह एक ऐतिहासिक दिन है। इसको लेकर कई लोगों की आस्था जुड़ी है। ऐसे में हमने लोगों को उत्साह और संयम के साथ पर्व को मनाने के लिए भी जागरूक किया है।