पेट्रोल व डीजल के दामों में हो रही बढ़ोत्तरी से आम जनता को फिलहाल राहत मिलती दिख नहीं रही है। दिल्ली वालों को फिलहाल अपने वाहनों से चलने से आर्थिक बोझ बढ़ने ही वाला है। फिलहाल प्रतिलीटर सौ रुपया ही पार किया है, आने वाले समय में और अधिक पेट्रोल के भाव में आग लगने की उम्मीद है।
पेट्रोल व डीजल की कीमतें लगातार आसमान छू रही है। दिल्ली में तो पहली बार पेट्रोल ने शतक लगा लिया है और भाव तीन डिजिट में पहुंच गई है। पिछले साल से देखे तो हर दूसरे दिन पेट्रोल के भाव में उतार-चढ़ाव दिखता है। घटता तो कम है, लेकिन बढ़ते-बढ़ते अब 100 रुपया प्रतिलीटर के पार चला गया है। कोरोना काल में लोगों की आर्थिक स्थिति पहले से ही कमजोर है और सार्वजनिक वाहनों की जगह प्राइवेट वाहनों में चलने की मजबूरी है, ऐसे में पेट्रोलियम पदार्थ के भाव बढ़ने से लोगों की परेशानी बढ़ा दी है।
पेट्रोलियम एसोसिएशन निशित गोयल ने बताया कि प्रतिदिन सुबह छह बजे पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बदलाव होता है। सुबह छह बजे से ही नई दरें लागू हो जाती हैं। पेट्रोल व डीजल के दाम में एक्साइज ड्यूटीए डीलर कमीशन और अन्य चीजें जोड़ने के बाद इसका दाम करीब-करीब दोगुना हो जाता है। गोयल ने बताया कि आने वाले दिनों में और अधिक बढ़ने की उम्मीद है। पिछले साल कोविड की पहली लहर में अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल के भाव काफी कम हो गए थे। बावजूद तेल के भाव नहीं गिरे।
एक साल में 30 रुपये से भी अधिक बढ़ा
कोरोना संक्रमण की पहली लहर में पेट्रोल के भाव में ज्यादा बढ़ोत्तरी देखने को नहीं मिल रही थी। हालांकि उतार-चढ़ाव होते रहे थे। पिछले साल औसतन जहां 70 रुपये प्रतिलीटर पेट्रोल मिल रहा था तो अब यह सौ रुपया प्रतिलीटर से भी बढ़ गया है।
इस साल हर महीने की न्यूनतम और अधिकतम कीमतें
जनवरी महीना
न्यूनतम-83.71 रुपया
अधिकतम-86.30 रुपया
फरवरी
न्यूनतम-86.30 रुपया
अधिकतम-91.17 रुपया
मार्च
न्यूनतम-90.56 रुपया
अधिकतम-91.17 रुपया
अप्रैल
न्यूनतम-90.40 रुपया
अधिकतम-90.56 रुपया
मई
न्यूनतम-90.40 रुपया
अधिकतम-94.23 रुपया
जून
न्यूनतम-94.49
अधिकतम-98.81 रुपया
बीते एक हफ्ते की बढ़ोतरी
27 जून-98.46 रुपया
30 जून-98.81 रुपया
2 जुलाई-99.16 रुपया
4 जुलाई-99.51 रुपया
5 जुलाई-99.86 रुपया
आज-100.21 रुपया।