नर्सरी दाखिलों के लिए जारी गाइडलाइन का उल्लंघन करने वाले स्कूलों के खिलाफ शिक्षा निदेशालय हरकत में आ गया है।
निदेशालय की ओर से न केवल स्कूलों को कारण बताओ नोटिस जारी कर उनसे जवाब-तलब किया गया बल्कि अन्य स्कूलों को भी भविष्य में ऐसा न करने की हिदायत दी गई है।
निदेशालय के कारण बताओ नोटिस के बाद स्कूलों ने अपनी गलती मानते हुए आनन-फानन में अपने क्राइटेरिया में बदलाव भी कर दिए हैं।
उल्लेखनीय है कि बीजीएस इंटरनेशनल स्कूल, वीएसपीके इंटरनेशनल स्कूल, व प्रभु दयाल स्कूल की ओर से जारी क्राइटेरिया में गाइडलाइन की अनदेखी की गई थी।
मीडिया में उल्लंघन की बात सामने आने के बाद शनिवार को निदेशालय ने इसे गंभीरता से लिया। जिसके बाद इन स्कूलों को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब देने को कहा गया।
शनिवार को संबंधित उप शिक्षा निदेशकों ने उल्लंघन के आरोपों की जांच के लिए स्कूलों का दौरा किया। दौरे के बाद इन स्कूलों के प्रिंसिपल ने जवाब में खेद जताते हुए अपनी गलती मानी।
साथ ही गलती में सुधार कर निदेशालय के दिशानिर्देश का सख्ती से पालन करने का आश्वासन दिया।
उल्लेखनीय है कि नर्सरी दाखिलों के लिए राजधानी के विभिन्न स्कूलों ने क्राइटेरिया जारी करने का सिलसिला शुरू कर दिया है।
निदेशालय नहीं चाहता है कि क्राइटेरिया जारी करने में स्कूल गाइडलाइन का उल्लंघन करें। लिहाजा निदेशालय ने सभी स्कूलों को निर्देशित किया है कि वह प्री-प्राइमरी (नर्सरी) के लिए निदेशालय की ओर से जारी की गई दाखिला नीति का सख्ती से पालन करें।
अधिकारियों के मुताबिक आने वाले दिनों में यदि कोई भी स्कूल ऐसा करेगा तो उसके खिलाफ सख्त रवैया अपनाया जाएगा।