मुजफ्फरनगर कांड के दोषियों को दंडित करने की मांग को लेकर नई दिल्ली में जंतर मंतर पर बुधवार को एक दिवसीय उपवास रखा गया।
यह उपवास उत्तराखंड कांग्रेस के प्रवक्ता और राहुल-प्रियंका ब्रिगेड के अध्यक्ष धीरेंद्र प्रताप के नेतृत्व में किया गया।
इस दौरान 19 वर्ष पूर्व दो अक्तूबर 1994 को दिल्ली रैली में भाग लेने आ रहे उन उत्तराखंडी शहीदों को श्रद्धांजलि दी गई, जिन्होंने उत्तराखंड राज्य के गठन को लेकर अपने प्राणों की बलि दे दी थी।
उपवास के बाद प्रधानमंत्री के नाम से एक ज्ञापन सौंपा गया।
दूसरी ओर उत्तराखंड आंदोलनकारी संगठनों की समन्वय समिति ने मुजफ्फरनगर कांड के अभियुक्तों को 19 साल बाद भी दंडित नहीं किए जाने के विरोध में काला दिवस मनाया।
इसमें उत्तराखंड जनता संघर्ष मोर्चा, उत्तराखंड लोकमंच, उत्तराखंड जनमोर्चा, उत्तराखंड महासभा, उत्तराखंड क्रांति दल, प्रोग्रेसिव पार्टी समेत उत्तराखंड से जुड़े अनेक संगठन शामिल हुए।
वहीं भाजपा उत्तराखंड प्रकोष्ठ ने दो अक्तूबर को बलिदान दिवस के रूप में मनाया। इस मौके पर भाजपा दिल्ली प्रदेश कार्यालय में शहीदों को श्रद्धांजलि दी गई।
इसके साथ ही मुजफ्फरनगर में हाल में हुए दंगे का भी विरोध किया गया।
इस अवसर पर आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल, उत्तराखंड के पूर्व विधायक किशोर उपाध्याय, सुखवीर सिंह सजवान, पीसी नेनवाल, लोकगायक नरेंद्र सिंह नेगी, हीरा सिंह राणा, आयोजन समिति के संयोजक देव सिंह रावत, प्रोग्रेसिव पार्टी के अध्यक्ष जगदीश मंमगाई समेत अनेक लोग उपस्थित थे।
कार्यक्रम में अरविंद की तरफ से मंच पर आम आदमी पार्टी का नाम लेने पर कई लोग इसका विरोध करने लगे।