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छठ पर वोट भुनाने की होगी कवायद

Sun, 03 Nov 2013 12:50 AM IST
अमर उजाला/ नई दिल्ली
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दिल्ली विधानसभा चुनाव नजदीक होने के चलते छठ महापर्व पर भी राजनीति शुरू हो गई है।
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दिल्ली में रहने वाले लाखों पूर्वांचलियों को अपने-अपने पाले में करने के लिए विभिन्न राजनीतिक दलों के लोग छठ पूजा के दिन घाटों तक पहुंचेंगे।

ये मतदाता राजधानी की राजनीति को बहुत ज्यादा प्रभावित करते हैं। दिल्ली की सभी छठ पूजा समितियों में आयोजकों से लेकर कार्यकर्ता तक कांग्रेस या भाजपा समर्थक हैं।

छठ पूजा के दिन आईटीओ पुल पर खुद मुख्यमंत्री शीला दीक्षित के पहुंचने की संभावना है, जबकि सांसद महाबल मिश्रा, मंत्री राजकुमार कुमार चौहान, भाजपा के मुख्यमंत्री पद के दावेदार डॉ. हर्षवर्धन, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष विजय गोयल, दिल्ली प्रदेश भाजपा के पूर्व अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता समेत विभिन्न पार्टियों के नेता भी छठ घाट पर पहुंचेंगे।
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दिल्ली सरकार के 72 छठ घाटों पर 8 नवंबर को अस्ताचल यानी डूबते सूर्य और 9 नवंबर को उगते सूर्य को अर्घ्य दिया जाएगा।

सैकड़ों ऐसे भी घाट हैं, जहां गड्ढा खोद कर उन्हें बनाया जाता है। दिल्ली सरकार के अधीन सभी घाटों पर व्यवस्था की जिम्मेदारी तीर्थ यात्रा विकास समिति की है।

पूजा की व्यवस्था पर दिल्ली सरकार के राजस्व विभाग के उपायुक्त और एसडीएम नजर रखेंगे। खुद वे इस दौरान छठ घाट तक जायजा लेने पहुंचेंगे।

सूत्रों की मानें तो खुद मुख्यमंत्री ने दिल्ली सरकार के आला अधिकारियों को छठ घाट पर सुविधाओं की तैयारी में जुटने का आदेश दिया है।

दिल्ली सरकार ने खुद को पूर्वांचलियों का बड़ा हिमायती बताते हुए मतदाताओं को रिझाने की कोशिश की है। हालांकि सभी छठ घाटों पर साफ-सफाई का काम पूरा कर लिया गया है। एक-दो दिन में टेंट लगाने का काम भी शुरू हो जाएगा।

छठ पूजा समिति दिल्ली प्रदेश के महासचिव ठाकुर जगदीश सिंह ने बताया कि आईटीओ पुल के पास स्थित छठ घाट पर कांग्रेस और भाजपा के सभी दिग्गज नेता पहुंचेंगे।

यहां 8 नवंबर को शाम के समय मुख्यमंत्री के आने का कार्यक्रम है। इनका कहना है कि जो पार्टी पूर्वांचल के मान-सम्मान और भागीदारी की बात करेगी, उसे ही पूर्वांचली वोट देंगे।
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यहां होगी पूजा
आईटीओ पुल, कालिंदी कुंज, कोंडली नहर घाट, वजीराबाद, भलस्वा झील घाट, मंगोलपुरी, द्वारका, नसीरपुर, गीता कॉलोनी घाट, लक्ष्मी नगर घाट, सोनिया विहार घाट, संगम विहार समेत सभी पूर्वांचल बहुल कॉलोनियों में।
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