दिल्ली के चुनावी दंगल में उतरने की तैयारी कर रहे नेताजी के लिए अच्छी खबर है।
चुनाव आयोग ने पहली बार नामांकन प्रक्रिया में बदलाव करते हुए उम्मीदवारों को गलती में सुधार करने का मौका देगा।
उम्मीदवार को यह सुविधा नामांकन के साथ जमा कराए जाने वाले शपथ पत्र में दिया जाएगा।
दिल्ली में 9 नवंबर को अधिसूचना जारी होने के साथ नामांकन प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।
नामांकन फॉर्म भरने के साथ प्रत्याशी को अपनी सारी सूचना शपथ पत्र के जरिए भरकर देनी होती है।
पहले प्रत्याशी को फॉर्म के साथ दो शपथ पत्र देने होते थे। पहला जिसमें उसकी अपनी व्यक्तिगत जानकारी के साथ आपराधिक मामलों की जानकारी होती थी। दूसरा जिसमें अपना व परिवार की विस्तृत ब्योरा होता था।
अब आयोग ने दो के बजाय सिर्फ एक शपथ पत्र भरवाएगा। इसी में प्रत्याशी के व्यक्तिगत, आपराधिक व वित्तीय जानकारी के साथ परिवार व उनकी वित्तीय जानकारी होगी।
चुनाव अधिकारियों ने बताया कि पहले अगर शपथ पत्र में कोई जानकारी नहीं होती थी उसे सीधे रद्द कर दिया जाता था। अब ऐसा नहीं होगा।
चुनाव आयोग के ताजा आदेश के मुताबिक रिटर्निंग ऑफिसर शपथ पत्र में किसी भी सूचना के नहीं होने पर सीधे रद्द करने के बजाय पहले प्रत्याशी को नोटिस जारी करेगा।
प्रत्याशी के पास उसका जवाब देने के लिए नामांकन के बाद स्क्रूटनी की तारीख तक का समय रहेगा।
तब तक वह उसमें सूचना में सुधार रिटर्निंग ऑफिसर से करवा सकता है।
नामांकन फीस हुई 10 हजार रुपये
चुनाव लड़ने के लिए अब नामांकन के साथ जमा होने वाली फीस भी बढ़ा दी गई है।
बीते चुनाव तक प्रत्याशी को 5000 रुपये का ड्राफ्ट जमा कराना होता था।
इस बार सामान्य वर्ग के उम्मीदवार के लिए यह फीस 10 हजार रुपये कर दी गई है। जबकि एससी एसटी के लिए 5000 रुपये ही है।
नामांकन की प्रमुख तिथियां
9 नवंबर से नामांकन शुरू होगा
16 नवंबर नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि।
18 नवंबर नामांकन की स्क्रूटनी होगी।
20 नवंबर को नामांकन वापस लेने की तिथि।