महंगाई को लेकर प्रदेश भाजपा नेताओं ने सरकार को आड़े हाथ लिया है। उनका कहना है कि भ्रष्टाचार के कारण महंगाई बढ़ी है।
प्याज के मुद्दे पर मुख्यमंत्री का चिंता व्यक्त करना एक चुनावी चाल के अलावा कुछ नहीं है।
उन्होंने सरकार से सवाल किया है कि जब उत्पादन आवश्यकता से अधिक हुआ है तो महंगाई अपने चरम सीमा पर क्यों है?
भाजपा के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार डॉ. हर्षवर्धन, विधानसभा नेता प्रतिपक्ष प्रो. विजय कुमार मल्होत्रा व प्रदेश अध्यक्ष विजय गोयल ने संयुक्त प्रेस कान्फ्रेंस में महंगाई और भ्रष्टाचार के लिए शीला सरकार को कटघरे में खड़ा किया।
उन्होंने कहा कि भाजपा सत्ता में आने पर खाद्य मूल्य नियंत्रण आयोग गठित करेगी। इस आयोग को पूरी तरह नौकरशाह और राजनीतिक हस्तक्षेप से मुक्त रखा जाएगा। आयोग सीधे मुख्यमंत्री को रिपोर्ट करेगा।
इस मौके पर डॉ. हर्षवर्धन ने अपना विजन पेश किया। उन्होंने कहा कि दिल्ली में फल-सब्जी लाने वाले ट्रकों पर जीपीएस सिस्टम से निगरानी रखी जाएगी ताकि जमाखोरी न हो।
मूल्य नियंत्रण केंद्र और राज्य सरकार फेल हो गई हैं। टमाटर, आलू, मेथी का साग, बैंगन, तोरई, सीताफल, हरी मटर, बीन्स, गाजर, शिमला मिर्च समेत सभी सब्जियों के दाम में 100 प्रतिशत की वृद्धि हो गई है।
उन्होंने नोबल पुरस्कार विजेता व अर्थशास्त्री अमर्त्य सेन का हवाला देते हुए कहा कि खाद्य पदार्थो की महंगाई खाद्य सुरक्षा को प्रभावित करती है।
ग्वाला गद्दी का सस्ता प्याज कल से
नई दिल्ली। ग्वाला गद्दी समिति अब सोमवार के बजाय मंगलवार से दिल्ली में सस्ते दर पर प्याज बेचने का निर्णय लिया है।
ग्वाला गद्दी का दावा है कि उसने 4 हजार टन प्याज की व्यवस्था की है।
पहले चरण में सौ टन प्याज दिल्ली के 60 चुनिंदा प्वाइंटों तक पहुंचाया जाएगा। सामान्य प्याज 48 रुपये किलो और आर्गेनिक प्याज 70 रुपये प्रति किलो की दर से बेचा जाएगा।